नई दिल्ली: इतिहास के पन्नों में ९ अक्टूबर के दिन कई ऐतिहासिक घटनाएं दर्ज हैं। आज के दिन देश और दुनिया में कई महत्वपूर्ण घटनाएं घटी थीं। पढ़ें ९ अक्टूबर को कौन-कौन सी महत्वपूर्ण घटनाएं घटीं~
प्रमुख ऐतिहासिक घटनाएं:
१८७४: स्विट्जरलैंड की राजधानी बर्न में २२ देशों द्वारा ‘बर्न की संधि’ पर हस्ताक्षर किए गए, जिससे ‘जनरल पोस्टल यूनियन’ की स्थापना हुई। इसका नाम १८७८ में बदलकर ‘यूनिवर्सल पोस्टल यूनियन’ (विश्व डाक संघ) कर दिया गया।
१८७६: टेलीफोन के आविष्कारक अलेक्जेंडर ग्राहम बेल और उनके सहायक थॉमस वाटसन के बीच आउटडोर (बाहरी) टेलीग्राफ तारों के माध्यम से पहली बार दोतरफा बातचीत हुई थी। यह बातचीत बोस्टन (किलबी स्ट्रीट) और कैम्ब्रिज (ईस्ट कैम्ब्रिज/वालवर्थ मैन्युफैक्चरिंग कंपनी) के बीच हुई थी। दोनों स्थानों के बीच की दूरी लगभग २.५ मील (करीब ४ किलोमीटर) थी।
१८८८: अमेरिका की राजधानी वाशिंगटन डी.सी. में स्थित प्रसिद्ध ‘वाशिंगटन मॉन्यूमेंट’ को आधिकारिक तौर पर आम जनता के लिए खोल दिया गया था। जब यह बनकर तैयार हुआ, तब यह दुनिया की सबसे ऊंची मानव निर्मित संरचना (लगभग ५५५ फीट) थी, जिसे बाद में १८८९ में एफिल टॉवर ने पीछे छोड़ दिया।
१९४७: इतिहास में पहली बार एक चलती हुई कार और हवा में उड़ते हुए विमान (प्लेन) के बीच फोन पर बातचीत हुई थी। यह ऐतिहासिक फोन कॉल अमेरिकी टेलीकॉम कंपनी एटी एंड टी के माध्यम से संभव हो पाई थी। यह कॉल विल्मिंगटन, डेलावेयर के ऊपर उड़ रहे एक विमान और नीचे सड़क पर चल रही कार के बीच कनेक्ट की गई थी। आज के मोबाइल फोन के मुकाबले उस समय यह तकनीक बेहद भारी और महंगी थी। इस सिस्टम को कार में लगाने के लिए लगभग ८० पाउंड (३६ किलोग्राम) वजनी टेलीफोन उपकरण की आवश्यकता होती थी। उस दौरान इस मोबाइल सर्विस का खर्च $१७० प्रति महीना था और प्रति कॉल के लिए $४ तक का शुल्क देना पड़ता था।
१९६२: युगांडा, ब्रिटिश औपनिवेशिक शासन से एक स्वतंत्र संप्रभु राष्ट्र बना था। डॉ. मिल्टन ओबोटे देश के पहले कार्यकारी प्रधानमंत्री बने। स्वतंत्रता के ठीक एक साल बाद, युगांडा के संविधान में संशोधन किया गया। ब्रिटिश राजशाही से संबंध समाप्त कर दिए गए और बुगांडा के राजा (काबाका) सर एडवर्ड मुटेसा द्वितीय युगांडा के पहले राष्ट्रपति चुने गए। इस प्रकार १९६३ में युगांडा आधिकारिक तौर पर एक गणतंत्र बना।
१९६७: अर्जेंटीना के प्रसिद्ध मार्क्सवादी क्रांतिकारी अर्नेस्टो “चे” ग्वेरा की बोलीविया के ला हिगुएरा नामक गांव में हत्या (फांसी) कर दी गई थी। उन्हें ८ अक्टूबर १९६७ को बोलीवियाई सेना द्वारा गुरिल्ला बलों के खिलाफ अभियान के दौरान पकड़ लिया गया था। अमेरिकी खुफिया एजेंसी (सीआईए) के समर्थन से बोलीवियाई सेना द्वारा सैन्य आदेश पर उन्हें मारा गया था।
१९६८: कांगो के प्रमुख क्रांतिकारी और विद्रोही नेता पियरे मुलेले की निर्मम हत्या कर दी गई थी। पियरे मुलेले, कांगो के पहले प्रधानमंत्री पैट्रिस लुमुम्बा की सरकार में शिक्षा मंत्री थे। लुमुम्बा की हत्या के बाद उन्होंने देश को पश्चिमी ताकतों और तानाशाही से मुक्त कराने के लिए ‘क्विलु विद्रोह’ का नेतृत्व किया था।
१९६९: चीन (पीपुल्स रिपब्लिक ऑफ चाइना) ने एक आधिकारिक बयान जारी करके घोषणा की थी कि वह सोवियत संघ (रूस) के साथ सीमा विवाद को शांतिपूर्ण बातचीत के जरिए सुलझाना चाहता है। १९६९ के मार्च महीने में दोनों देशों के बीच उस्सुरी नदी (Zhenbao Island) पर भीषण सैन्य झड़पें हुई थीं। चीन का हमेशा से यह रुख था कि १९वीं सदी में किंग राजवंश के समय ज़ारशाही रूस ने चीन पर “असमान संधियाँ” थोपकर करीब १५ लाख वर्ग किलोमीटर चीनी क्षेत्र हड़प लिया था। लेकिन ९ अक्टूबर की घोषणा में चीन ने साफ किया कि वह इन ऐतिहासिक संधियों के तहत रूस को सौंपे गए क्षेत्रों को वापस लेने के लिए युद्ध नहीं करेगा, बल्कि मौजूदा वास्तविक स्थिति के आधार पर ही सीमा का निर्धारण चाहता है।
१९६९: टोक्यो में आयोजित यूनिवर्सल पोस्टल कांग्रेस के दौरान ‘विश्व डाक दिवस’ मनाने की घोषणा की गई थी। तभी से हर साल ९ अक्टूबर को वैश्विक स्तर पर डाक सेवाओं के महत्व को रेखांकित करने के लिए यह दिन मनाया जाता है।
१९७०: कंबोडिया में राजशाही समाप्त कर जनरल लोन नोल के नेतृत्व में आधिकारिक रूप से ‘खमेर गणराज्य’ की घोषणा की गई थी। १८ मार्च १९७० को प्रिंस नोरोडोम सिहानुक की सरकार के खिलाफ कंबोडियाई संसद द्वारा तख्तापलट किया गया था।
१९७०: भारत के परमाणु कार्यक्रम में एक ऐतिहासिक मील का पत्थर स्थापित हुआ था, जब मुंबई के भाभा परमाणु अनुसंधान केंद्र में पहली बार यूरेनियम-२३३ का सफलतापूर्वक उत्पादन किया गया। इससे भारत को परमाणु ईंधन के मामले में आत्मनिर्भर बनने में बड़ी मदद मिली।
१९९७: इटली के प्रसिद्ध अभिनेता, नाटककार और लेखक डारियो फो को साहित्य का नोबेल पुरस्कार देने की घोषणा की गई थी। उनके नाटक ‘एक्सीडेंटल डेथ ऑफ एन एनार्किस्ट’ को दुनिया भर में काफी प्रसिद्धि मिली।
१९९८: तत्कालीन प्रधानमंत्री नवाज़ शरीफ़ की सरकार के दौरान, पाकिस्तान की संसद के निचले सदन यानी नेशनल असेंबली ने १५वें संविधान संशोधन विधेयक (शरिया बिल) को भारी बहुमत से मंजूरी दी थी। इस १५वें संवैधानिक संशोधन विधेयक के तहत संविधान में ‘अनुच्छेद २B’ जोड़ा जाना था, जिसके अनुसार पवित्र कुरान और सुन्नत (इस्लामी शरीयत) को पाकिस्तान का सर्वोच्च कानून घोषित किया जाना था। यह कानून देश के मौजूदा संविधान, अदालती फैसलों और सभी अन्य कानूनों से ऊपर माना जाता।
१९९९: अमेरिका के सबसे प्रतिष्ठित और दुनिया के सबसे तेज गति से उड़ने वाले जासूसी विमान लॉकहीड एसआर-७१ ब्लैकबर्ड ने अपनी आखिरी उड़ान भरी थी। इसके बाद इस महान विमान को हमेशा के लिए रिटायर कर दिया गया। इस विमान को नासा के टेस्ट पायलट रोजर्स स्मिथ और फ्लाइट इंजीनियर रॉबर्ट मेयर ने उड़ाया था। इस आखिरी उड़ान में शामिल विमान नासा का एसआर-७१ए, टेल नंबर ८४४ था।
१९९९: पाकिस्तान के तत्कालीन प्रधानमंत्री नवाज शरीफ ने अपने भाई शहबाज शरीफ को पहली बार संकेत दिए थे कि वह सेना प्रमुख जनरल परवेज मुशर्रफ को पद से हटाने का फैसला कर चुके हैं। इसी फैसले के ठीक ३ दिन बाद, १२ अक्टूबर १९९९ को पाकिस्तान में बड़ा सैन्य तख्तापलट हुआ और मुशर्रफ ने सत्ता पर कब्जा कर लिया।
२०००: नासा के ‘एस्ट्रोनॉमी पिक्चर ऑफ द डे’ और वैज्ञानिक रिपोर्टों में मंगल ग्रह के उत्तरी ध्रुव पर आई एक विशाल और अनोखी धूल भरी आंधी की तस्वीर व विवरण जारी किया गया था। वास्तव में यह भयंकर तूफान २९ अगस्त २००० को मंगल ग्रह की कक्षा में चक्कर लगा रहे नासा के ‘मार्स ग्लोबल सर्वेयर’ अंतरिक्ष यान द्वारा कैमरे में कैद किया गया था, जिसकी विस्तृत व्याख्या और छवि को ९ अक्टूबर २००० को सार्वजनिक किया गया था।
२००१: अमेरिका में न्यू जर्सी (ट्रेन्टन) से एंथ्रैक्स वाले पत्र पोस्ट किए गए थे। ये पत्र अमेरिकी सीनेटरों टॉम डेशल (साउथ डकोटा के सीनेटर) और पैट्रिक लेही (वर्मॉन्ट के सीनेटर) को वाशिंगटन डी.सी. में उनके कार्यालयों में भेजे गए थे। इस पूरे सिलसिलेवार हादसे में ५ लोगों की मौत हुई थी।
२००२: वर्ष २००२ का भौतिकी का नोबेल पुरस्कार अमेरिका के रेमंड डेविस और जापान के कोशिबा को संयुक्त रूप से देने की घोषणा की गई। इन वैज्ञानिकों को यह पुरस्कार खगोल भौतिकी में उनके क्रांतिकारी योगदान के लिए दिया गया था। उन्होंने ब्रह्मांडीय न्यूट्रिनो का पता लगाने में सफलता हासिल की थी, जिससे विज्ञान की एक नई शाखा ‘न्यूट्रिनो खगोल विज्ञान’ का जन्म हुआ।
२००३: इराक पर गठबंधन सेना के कब्जे के ठीक छह महीने पूरे होने पर बगदाद में भारी हिंसा हुई। बगदाद के एक मुख्य शिया बहुल इलाके में स्थित पुलिस स्टेशन पर एक भीषण हमला हुआ, जिसमें कम से कम १० लोगों की मौत हो गई।
२००३: इराक की राजधानी बगदाद में स्पेन के एक राजनयिक और खुफिया अधिकारी होज़े एंटोनियो बर्नाल गोमेज़ की उनके घर के बाहर गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। होज़े एंटोनियो बर्नाल (उम्र ३४ वर्ष) स्पेनिश दूतावास में मिलिट्री अताशे (सैन्य उप-दूत) के रूप में तैनात थे और स्पेन के राष्ट्रीय खुफिया केंद्र के सदस्य थे।
२००३: पाकिस्तान ने अपनी परमाणु क्षमता से लैस ७०० किलोमीटर की मारक क्षमता वाली मध्यम दूरी की बैलिस्टिक मिसाइल ‘शाहीन-१’ का सफल परीक्षण किया।
२००३: मोजांबिक के राष्ट्रपति जोकि अल्बर्टो फिसानों भारत और मोजांबिक के बीच संबंधों को मजबूत करने के लिए ६ दिवसीय आधिकारिक यात्रा पर भारत पहुंचे थे।
२००४: अफगानिस्तान के इतिहास में एक ऐतिहासिक मील का पत्थर स्थापित हुआ था, जब देश में पहली बार सीधे मतदान के जरिए राष्ट्रपति चुनाव आयोजित किए गए। इस ऐतिहासिक चुनाव में हामिद करजई ने भारी बहुमत से जीत हासिल की और अफगानिस्तान के पहले लोकतांत्रिक रूप से चुने गए राष्ट्रपति बने। तालिबान शासन के पतन के बाद यह अफगानिस्तान का पहला लोकतांत्रिक चुनाव था, जिसमें देश की जनता ने सीधे अपने नेता को चुना।
२००५: यूरोपीय अंतरिक्ष एजेंसी का महत्वपूर्ण पृथ्वी अवलोकन उपग्रह ‘क्रायोसेट-१’ एक प्रक्षेपण विफलता के कारण नष्ट हो गया था। तकनीकी रूप से यह घटना ८ अक्टूबर २००५ की शाम (यूरोपीय समयानुसार) को रूस के प्लेसेत्स्क कोस्मोड्रोम से लॉन्च के दौरान घटी, जिसकी आधिकारिक पुष्टि और विस्तृत जानकारी ९ अक्टूबर को सार्वजनिक हुई।
२००६: उत्तर कोरिया ने अपने इतिहास में पहली बार भूमिगत परमाणु परीक्षण किया था। यह परीक्षण उत्तर कोरिया के उत्तर-पूर्वी प्रांत हैम्योंगबुक-दो में स्थित पुंग्ये-री परीक्षण स्थल पर किया गया था। इस परीक्षण के साथ ही उत्तर कोरिया खुद को परमाणु संपन्न देश घोषित करने वाला दुनिया का ८वां देश बन गया था। इस परीक्षण के बाद संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद ने कड़ा रुख अपनाते हुए उत्तर कोरिया पर प्रस्ताव १७१८ के तहत कई तरह के आर्थिक और सैन्य प्रतिबंध लगा दिए थे।
२००६: गूगल ने १.६५ अरब डॉलर के स्टॉक ट्रांसफर के जरिए लोकप्रिय वीडियो शेयरिंग साइट यूट्यूब के अधिग्रहण की घोषणा की। १३ नवंबर २००६ को यह सौदा पूरी तरह से संपन्न हुआ।
२००७: चीन ने भारत के तत्कालीन प्रधानमंत्री डॉ. मनमोहन सिंह और अन्य भारतीय नेताओं के अरुणाचल प्रदेश दौरे और वहां चल रहे विकास कार्यों पर आपत्ति जताई थी। चीन इस क्षेत्र को “दक्षिण तिब्बत” का हिस्सा बताते हुए अपना दावा पेश करता रहा है, जबकि भारत ने हमेशा इसे अपना अभिन्न अंग माना है।
२००८: भारत की केन्द्र सरकार ने तेल को माफिया से बचाने और पेट्रोल-डीजल में मिलावट व चोरी रोकने के लिए विशेषज्ञों की एक उच्च स्तरीय समिति का गठन किया था।
२००९: नॉर्वेजियन नोबेल समिति ने अमेरिकी राष्ट्रपति बराक ओबामा को २००९ के नोबेल शांति पुरस्कार से सम्मानित करने की घोषणा की थी। उन्हें यह पुरस्कार “अंतरराष्ट्रीय कूटनीति और लोगों के बीच सहयोग को मजबूत करने के उनके असाधारण प्रयासों” के लिए दिया गया था।
२००९: हैती और डोमिनिकन गणराज्य की सीमा पर निगरानी रख रहे संयुक्त राष्ट्र शांति सेना मिशन (मिनुस्टाह) का एक उरुग्वेयन सैन्य विमान (सीएएसए सी-२१२-२१२) दुर्घटनाग्रस्त हो गया था। यह हादसा हैती के सीमावर्ती शहर गैंथियर (Ganthier) के पास एक पहाड़ी इलाके में हुआ था। विमान में सवार सभी ११ शांति सैनिकों की मृत्यु हो गई थी, जिनमें ६ सैनिक उरुग्वे से और ५ सैनिक जॉर्डन से शामिल थे।
२००९: पाकिस्तान के पेशावर में खैबर बाजार के पास एक आत्मघाती कार बम विस्फोट हुआ। इस भयानक आतंकी हमले में कम से कम ४९ लोगों की मौत हो गई और १०० से अधिक लोग घायल हुए थे।
२०१०: छत्तीसगढ़ के महासमुंद जिले में पुलिस और स्पेशल टास्क फोर्स के संयुक्त बल के साथ हुई एक बड़ी मुठभेड़ में नक्सली मारे गए थे।
२०१०: अफगानिस्तान के फराह प्रांत में एक बड़े चरमपंथी हमले में ४ इतालवी सैनिकों की मौत हो गई थी। इसी दिन पश्चिमी बदघिस प्रांत में नाटो और अफगान बलों की कार्रवाई में एक सीनियर तालिबान कमांडर भी मारा गया था।
२०१०: पाकिस्तान के दक्षिण-पश्चिमी प्रांत बलूचिस्तान के सिबी जिले के मित्री इलाके में आतंकवादी संगठन तहरीक-ए-तालिबान पाकिस्तान के हथियारों से लैस २० से ३० आतंकवादियों ने एक सड़क किनारे बने होटल (सरावान होटल) के बाहर खड़े तेल टैंकरों पर अंधाधुंध गोलीबारी की। इन टैंकरों में अफगानिस्तान में तैनात अमेरिकी और नाटो बलों के लिए ईंधन ले जाया जा रहा था। इस भीषण हमले में २८ से २९ तेल टैंकर जलकर पूरी तरह खाक हो गए थे। फायरिंग के कारण शुरू में ३ टैंकरों में आग लगी, उसने धीरे-धीरे वहां खड़े अन्य सभी वाहनों को अपनी चपेट में ले लिया। इस घटना में दो पुलिस अधिकारी और कुछ अन्य लोग घायल भी हुए थे।
२०११: मिस्र की राजधानी काहिरा में हुआ ‘मस्पेरो नरसंहार’ मिस्र के आधुनिक इतिहास की एक अत्यंत दुखद और हिंसक घटना है। एक चर्च को तोड़े जाने के विरोध में शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे प्रदर्शनकारियों पर सैन्य वाहनों को चढ़ा दिया गया और गोलीबारी हुई। इस हिंसक हादसे में २५ से अधिक लोगों की मौत हो गई थी और ३०० से ज्यादा लोग घायल हुए थे।
२०११: लीबिया के तानाशाह मुअम्मर गद्दाफी के अंतिम गढ़ ‘सिरते’ शहर पर राष्ट्रीय संक्रमणकालीन परिषद की सेना ने पूरी तरह हमला बोलकर कब्जा कर लिया था। इस भीषण गोलाबारी और सैन्य कार्रवाई में भारी संख्या में लड़ाके व आम नागरिक मारे गए थे, जिसने आगे चलकर गद्दाफी के अंत का रास्ता साफ किया।
२०११: बिहार छपरा के करीब एक मानव रहित रेलवे क्रॉसिंग को पार करते समय एक वाहन ट्रेन की चपेट में आ गया जिससे ५ लोगों की दर्दनाक मौत हो गई।
२०११: ८ अक्टूबर २०११ की रात ओडिशा के कटक शहर के शिखलपुर इलाके में एक मोबाइल वाउचर की दुकान में एक के बाद एक दो देसी बमों में विस्फोट हुआ था। इस घटना की पुष्टि पुलिस ने अगले दिन यानी ९ अक्टूबर २०११ को की थी। इस अचानक हुए धमाके में दुकान के मालिक सहित ८ लोग घायल हो गए थे।
२०१२: पाकिस्तान की शिक्षा कार्यकर्ता मलाला यूसुफजई पर स्कूल से लौटते समय तालिबान के आतंकवादियों ने जानलेवा हमला किया। बाद में वह स्वस्थ हुईं और सबसे कम उम्र की नोबेल शांति पुरस्कार विजेता बनीं।
२०१३: मध्य अफ्रीकी गणराज्य में मिलिशिया और सेलेका विद्रोहियों के बीच हुई हिंसक झड़पों में ६० से अधिक लोगों की मौत हो गई थी।
२०१३: बांग्लादेश के गाजीपुर (ढाका के पास श्रीपुर उपजिला) स्थित अस्वाद कंपोजिट मिल्स नामक गारमेंट फैक्ट्री में भीषण आग लगने से कम से कम १० लोगों की मौत हो गई थी और कई अन्य घायल हो गए थे।
२०१३: नासा का जुनो अंतरिक्ष यान पृथ्वी के पास से गुजरते समय अचानक ‘सेफ मोड’ में चला गया था, जिसने वैज्ञानिकों की चिंता बढ़ा दी थी (हालांकि बाद में इसे ठीक कर लिया गया था)।
२०१३: मार्टिन कारप्लस, माइकल लेविट और अरीह वॉर्शेल को जटिल रासायनिक प्रणालियों के लिए बहु-स्तरीय मॉडल विकसित करने के लिए नोबेल पुरस्कार देने की घोषणा की गई थी।
२०१४: यमन की राजधानी साना के तहरीर स्क्वायर पर एक आत्मघाती हमलावर (अल-कायदा का हमला) ने खुद को उड़ा लिया था। इस भीषण विस्फोट में कम से कम ४७ लोगों की मौत हो गई थी और दर्जनों लोग गंभीर रूप से घायल हुए थे।
२०१४: इराक की राजधानी बगदाद के एक व्यस्त शिया बहुल इलाके में भीषण कार बम विस्फोट हुआ। इस आतंकी हमले में कम से कम १२ आम नागरिकों की मौत हो गई थी।
२०१४: आतंकी संगठन आईएसआईएस द्वारा सीरियाई शहर कोबानी की घेराबंदी के विरोध में तुर्की में हिंसक प्रदर्शन हुए। इन प्रदर्शनों और सुरक्षा बलों के साथ हुई झड़पों में १९ लोगों की मौत हो गई थी।
२०१४: मलेशिया की राजधानी कुआलालंपुर में एक नाइटक्लब के बाहर हैंड ग्रेनेड से हमला किया गया, जिसमें १ व्यक्ति की मौत हो गई और १३ अन्य लोग घायल हो गए थे।
२०१४: अमेरिका में इबोला के पहले मरीज की मौत के बाद हवाई अड्डों पर जांच कड़ी कर दी गई थी।
२०१५: हमास नेता इस्माइल हनियेह ने इज़राइल के खिलाफ तीसरी “इंतिफादा” (विद्रोह) की घोषणा की थी। और फिलिस्तीन के विभिन्न इलाकों में २० से अधिक चाकूबाजी के हमले हुए। गाजा सीमा पर प्रदर्शनों के दौरान इज़राइली सेना की गोलीबारी में ६ फिलिस्तीनी प्रदर्शनकारी मारे गए और ६० से अधिक घायल हुए।
२०१५: इराक के दियाला प्रांत की राजधानी बाकुबा के पास के गांवों में भीषण मोर्टार बमबारी की गई। इस अचानक हुए हमले में कम से कम ३५ लोगों की मौत हो गई थी। इस हमले के पीछे आतंकी संगठन आईएसआईएस का हाथ माना गया था।
२०१५: अमेरिका के एरिजोना में स्थित यूनिवर्सिटी परिसर में सुबह-सुबह एक छात्र ने अंधाधुंध गोलीबारी कर दी। इस हादसे में १ छात्र की मौत हो गई और ३ अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए।
२०१६: तुर्की के दक्षिण-पूर्वी प्रांत हक्कारी में एक संदिग्ध पीकेके आत्मघाती कार बम विस्फोट हुआ। इस भीषण हादसे में कम से कम १७ लोगों की मौत हो गई और २७ से अधिक लोग गंभीर रूप से घायल हुए।
२०१६: यमन के तट के पास लाल सागर में तैनात अमेरिकी नौसेना के विनाशक युद्धपोत यूएसएस मेसन पर ईरान समर्थित हूती विद्रोहियों के नियंत्रण वाले इलाके से दो मिसाइलें दागी गईं। हालांकि, दोनों मिसाइलें जहाज तक पहुंचने से पहले ही पानी में गिर गईं और एक बड़ा हादसा टल गया।
२०१६: यरूशलेम में एक फिलिस्तीनी बंदूकधारी ने ट्रेन स्टेशन और पुलिस मुख्यालय के पास अंधाधुंध गोलीबारी की, जिसमें एक पुलिस अधिकारी सहित दो लोगों की मौत हो गई और ६ अन्य घायल हो गए। बाद में पुलिस कार्रवाई में हमलावर मारा गया।
२०१६: हथियारबंद उग्रवादियों (अराकान रोहिंग्या साल्वेशन आर्मी) ने म्यांमार के रखाइन राज्य में बांग्लादेश सीमा के पास कई सीमा पुलिस चौकियों पर अचानक हमला कर दिया। इस हमले में ९ पुलिसकर्मियों की जान चली गई और बड़े पैमाने पर हतियार लूट लिए गए। इसी घटना के बाद म्यांमार सेना ने अपना बड़ा सैन्य क्रैकडाउन (अभियान) शुरू किया, जिसने आगे चलकर एक बड़े वैश्विक मानवीय संकट (रोहिंग्या शरणार्थी संकट) का रूप ले लिया।
२०१७: अमेरिका के उत्तरी कैलिफ़ोर्निया के नापा, सोनोमा, मेंडोकिनो और यूबा काउंटियों के जंगलों में इतिहास की सबसे विनाशकारी आग (गर्दन कैलिफोर्निया वाइल्डफायर) भड़क उठी थी। इस विनाशकारी हादसे में कम से कम १० लोगों की मौत हो गई (जो बाद में बढ़कर कई गुना हो गई), १,५०० से अधिक घर और व्यावसायिक इमारतें जलकर राख हो गईं, और २०,००० से अधिक लोगों को सुरक्षित स्थानों पर भागना पड़ा। कैलिफ़ोर्निया के गवर्नर ने तत्काल आपातकाल घोषित कर दिया था। इस आपदा में ४० से अधिक लोगों की जान गई थी और बड़े पैमाने पर लोगों को अपने घरों को छोड़कर सुरक्षित स्थानों पर जाना पड़ा था।
२०१७: मॉस्को के उत्तर-पश्चिमी छोर पर स्थित निर्माण सामग्री के एक विशाल व्यापार केंद्र, सिंडिका ट्रेड सेंटर में बेहद भीषण आग लग गई। असर: आग इतनी भयानक थी कि इसकी वजह से पूरे इलाके में हड़कंप मच गया और मॉल से कम से कम ३,००० से अधिक लोगों को आपातकालीन रूप से बाहर निकालना पड़ा।
२०१७: म्यांमार में जारी संकट के बीच, बांग्लादेश की सीमा के पास नाफ नदी में रोहिंग्या शरणार्थियों से भरी एक नाव पलट गई। इस दुखद हादसे में बच्चों और महिलाओं समेत कम से कम १२ रोहिंग्या मुसलमानों की डूबने से मौत हो गई और कई लोग लापता हो गए।
२०१८: अटलांटिक महासागर से उठा तूफान ‘माइकल’ तेजी से मजबूत होकर कैटेगरी-२ के खतरनाक चक्रवात में बदल गया और ११० मील प्रति घंटे की रफ्तार से अमेरिका के फ्लोरिडा (फ्लोरिडा प्यानह्यान्डल) की तरफ बढ़ा। इसके बाद इसने भारी तबाही मचाई थी।
२०१८: यूरोपीय देश स्पेन के मैलोरका द्वीप पर ९ अक्टूबर २०१८ को अचानक आई भीषण बाढ़ के कारण कम से कम १२ लोगों की मौत हो गई, जिसमें कई विदेशी नागरिक भी शामिल थे।
२०१८: चीन के दाझोउ शहर में सड़क धंसने से एक विशाल सिंकहोल बन गया, जिसकी चपेट में आने से ४ लोगों की मौत हो गई।
२०१८: ब्रिटिश कोलंबिया (कनाडा) में एनब्रिज द्वारा संचालित एक प्रमुख गैस पाइपलाइन में भीषण विस्फोट हुआ, जिसके चलते प्रिंस जॉर्ज क्षेत्र के आसपास के इलाकों को आपातकालीन रूप से खाली कराना पड़ा।
२०१८: भारत में ९ अक्टूबर २०१८ को #मीटू कैंपेन अपने चरम पर था। तत्कालीन विदेश राज्य मंत्री एम. जे. अकबर पर कई महिला पत्रकारों ने यौन उत्पीड़न के आरोप लगाए, जिसने भारतीय राजनीति और मीडिया जगत में एक बड़ा तूफान खड़ा कर दिया था।
२०१८: भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (इसराे) और रूस की अंतरिक्ष एजेंसी रोस्कोस्मोस के बीच भारत के पहले मानव अंतरिक्ष मिशन ‘गगनयान’ को लेकर एक महत्वपूर्ण समझौते पर हस्ताक्षर किए गए थे।
२०१९: तुर्की के राष्ट्रपति रेसेप तईप एर्दोगन ने उत्तर-पूर्वी सीरिया में कुर्द लड़ाकों के खिलाफ एक बड़े सैन्य आक्रमण (ऑपरेशन पीस स्प्रिंग) की घोषणा की।
२०१९: जर्मनी के हाले शहर में यहूदी उपासना गृह पर एक २७ वर्षीय हथियारबंद हमलावर (स्टीफन बिलिएट) ने यहूदियों के पवित्र त्योहार ‘योम किप्पुर’ के दौरान एक सिंहागॉग (उपासना गृह) में जबरन घुसने की कोशिश की। वहां नाकाम रहने पर उसने बाहर सड़क पर और पास की एक कबाब की दुकान पर अंधाधुंध गोलीबारी की। इस नस्लीय और यहूदी-विरोधी हमले में २ लोगों की मौत हो गई और कई लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। हमलावर ने इस पूरी घटना का ३५ मिनट तक लाइवस्ट्रीम (ट्विच पर) प्रसारण भी किया था।
२०१९: अमेरिका के उत्तरी कैलिफ़ोर्निया में जंगलों की आग को फैलने से रोकने के लिए बिजली कंपनी ‘पैसिफिक गैस एंड इलेक्ट्रिक’ (पीजी एवं ई) ने जानबूझकर बिजली काट दी। सुरक्षा के मद्देनजर उठाए गए इस कदम के कारण लगभग १० लाख लोग अंधेरे में आ गए थे और इसके चलते पूरे इलाके में हड़कंप मच गया था।
२०२०: दुनिया भर में २४ घंटे के भीतर रिकॉर्ड ३.४८ लाख से अधिक कोरोना मामले दर्ज किए गए थे। इस दौरान भारत, अमेरिका और ब्राजील महामारी से सबसे बुरी तरह प्रभावित देश थे।
२०२०: आर्मेनिया और अज़रबैजान के बीच विवादित क्षेत्र नागोर्नो-काराबाख को लेकर भीषण युद्ध चल रहा था। रूस की मध्यस्थता के बाद दोनों देश मास्को में युद्धविराम पर सहमत हुए थे, हालांकि इसके बावजूद दोनों तरफ से एक-दूसरे पर गोलाबारी और उल्लंघन के आरोप लगते रहे।
२०२०: बांग्लादेश में रोहिंग्या शरणार्थियों के एक कैंप पर हिंसक हमला हुआ, जिसमें कम से कम ८ लोगों की मौत हो गई थी।
२०२०: साल २०२० का प्रतिष्ठित नोबेल शांति पुरस्कार संयुक्त राष्ट्र के भुखमरी मिटाने वाले संगठन ‘वर्ल्ड फूड प्रोग्राम’ को देने की घोषणा की गई थी।
२०२०: भारत में कोरोना महामारी के बढ़ते मामलों को देखते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ‘जन आंदोलन’ अभियान की शुरुआत की थी, जिसमें लोगों से मास्क पहनने, हाथ धोने और सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करने की अपील की गई थी।
२०२१: अक्टूबर २०२१ की शुरुआत में उत्तर प्रदेश के लखीमपुर खीरी में किसानों को गाड़ी से कुचलने का बड़ा हादसा हुआ था। इस मामले के मुख्य आरोपी और केंद्रीय गृह राज्य मंत्री अजय मिश्रा के बेटे आशीष मिश्रा क्राइम ब्रांच के सामने पूछताछ के लिए इस दिन पेश हुए थे, जिसके बाद उन्हें लंबी पूछताछ के बाद गिरफ्तार कर लिया गया था।
२०२१: मुंबई में कॉर्डेलिया क्रूज शिप पर एनसीबी (नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो) की छापेमारी का मामला इस समय चरम पर था। ९ अक्टूबर को एनसीबी ने इस केस के सिलसिले में फिल्म निर्माता इम्तियाज खत्री के घर और दफ्तर पर ताबड़तोड़ छापेमारी की थी।
२०२१: रूस के ऑरेनबर्ग क्षेत्र में नकली और जहरीली शराब (मिथेनॉल पॉइजनिंग) पीने से २९ लोगों की मौत हो गई थी।
२०२१: ईंधन की भारी कमी के कारण लेबनान के दो सबसे बड़े पावर प्लांट बंद हो गए, जिससे पूरे लेबनान देश की बिजली पूरी तरह गुल हो गई थी।
२०२१: नाइजीरिया के उत्तर-पश्चिमी राज्य सोकोतो के लिंगयादी (उंगुवार लल्ले) इलाके में एक बाजार पर मोटरसाइकिल से आए हथियारबंद हमलावरों (जिन्हें स्थानीय तौर पर ‘डाकू’ या ‘बैंडिट्स’ कहा जाता है) ने अंधाधुंध गोलीबारी की थी। इस हमले में कम से कम २० लोगों की मौत की आधिकारिक पुष्टि हुई थी। इसके अलावा हमलावरों ने ९ वाहनों को आग के हवाले भी कर दिया था।
२०२१: ऑस्ट्रिया के चांसलर सेबेस्टियन कुर्ज ने भ्रष्टाचार के आरोपों के घिरने के बाद ९ अक्टूबर २०२१ को अपने पद से इस्तीफा दे दिया था।
२०२२: रूस ने यूक्रेन के जापोरिजिया शहर में आवासीय इमारतों पर एक बड़ा मिसाइल हमला किया था। इस भीषण हमले में कम से कम १३ लोगों की मौत हो गई थी और ८९ से अधिक लोग गंभीर रूप से घायल हुए थे।
२०२२: हरियाणा के गुरुग्राम (सेक्टर-१११) में एक बेहद दर्दनाक हादसा सामने आया था, जहां एक खुले तालाब में नहाने/खेलने गए ६ मासूम बच्चों की डूबने से मौत हो गई थी।
२०२२: दिल्ली सरकार के तत्कालीन समाज कल्याण मंत्री राजेंद्र पाल गौतम ने एक सामूहिक धर्मांतरण कार्यक्रम में उनकी मौजूदगी को लेकर उपजे भारी विवाद के बाद ९ अक्टूबर २०२२ को अपने मंत्री पद से इस्तीफा दे दिया था।
२०२३: जेडीयू विधायक गोपाल मंडल द्वारा भागलपुर के एक अस्पताल में पिस्तौल लहराने और बाद में पत्रकारों के साथ अभद्र व्यवहार करने का मामला सुर्खियों में रहा, जिसपर प्रशासन ने नोटिस जारी किया था।
२०२३: विज्ञान और प्रौद्योगिकी विभाग (डीएसटी) द्वारा ‘इंस्पायर-मानक’ की १०वीं राष्ट्रीय स्तर की प्रदर्शनी एवं प्रोजेक्ट प्रतियोगिता (एनएलईपीसी) का उद्घाटन नई दिल्ली के इंदिरा गांधी इंडोर स्टेडियम में किया गया था।
२०२४: भयंकर चक्रवाती तूफान मिल्टन अमेरिका के फ्लोरिडा(सिएस्टा कुंजी द्वीप) के तट से टकराया। कैटेगरी ३ के इस शक्तिशाली तूफान के कारण भारी तबाही हुई, बाढ़ आई और अरबों डॉलर का नुकसान हुआ। तूफान के खतरे को देखते हुए लाखों लोगों को अपने घर खाली करने पड़े थे।
२०२४: इजराइल के हादेरा शहर में हुई यह घटना एक भीषण आतंकी हमला थी। पुलिस और आपातकालीन सेवाओं के अनुसार, एक संदिग्ध हमलावर ने मोटरसाइकिल पर सवार होकर शहर के चार अलग-अलग स्थानों पर अंधाधुंध चाकूबाजी की, जिसमें ६ लोग घायल हुए।
२०२४: इजराइली सेना ने २४ घंटे के भीतर २३० से अधिक ठिकानों पर भीषण बमबारी की। इसी दिन वेस्ट बैंक के नब्लस में इजराइली गोलीबारी में ४ फिलिस्तीनियों की मौत हो गई।
२०२४: पाकिस्तान के बलूचिस्तान प्रांत के झोब जिले में एक फ्रंटियर कॉर्प्स पोस्ट पर आत्मघाती और बंदूक हमला हुआ था। आतंकवादियों ने झोब में स्थित फ्रंटियर कॉर्प्स की एक सुरक्षा चौकी को निशाना बनाकर आत्मघाती बम विस्फोट किया और अंधाधुंध गोलीबारी की। इस हमले में एक फ्रंटियर कॉर्प्स के अधिकारी और दो आतंकवादियों की मौत हो गई, जबकि १३ अन्य सुरक्षाकर्मी घायल हुए थे।
२०२४: भारत के सबसे चहेते और महान उद्योगपति रतन टाटा का ८६ वर्ष की उम्र में मुंबई के ब्रीच कैंडी अस्पताल में निधन हो गया।
२०२५: (उत्तर प्रदेश): यूपी के अयोध्या में एक घर में गैस सिलेंडर फटने (ब्लास्ट) से मकान ढह गया, जिसमें ५ लोगों की दर्दनाक मौत हो गई।
२०२५: लखनऊ जा रही इंडिगो की एक फ्लाइट जब १७,००० फीट की ऊंचाई पर थी, तब उस पर आसमानी बिजली गिर गई, जिससे विमान के अगले हिस्से को नुकसान पहुंचा, हालांकि विमान सुरक्षित लैंड कर गया।
२०२५: अमेरिका द्वारा प्रस्तावित शांति योजना (गाज़ा शांति योजना) पर बातचीत के बीच, गाजा सिटी के साबरा इलाके में एक इमारत पर इजरायली हमला हुआ, जिसमें ४ लोगों की मौत हो गई और ४० से अधिक लोग मलबे के नीचे दब गए। उस दिन अलग-अलग हमलों में कुल २९ लोग मारे गए थे।
२०२५: पाकिस्तान के दराबन (खैबर पख्तूनख्वा) में सुरक्षा बलों और आतंकियों के बीच मुठभेड़ हुई, जिसमें पाकिस्तानी सेना के एक मेजर और ७ तालिबानी आतंकी मारे गए। इसके अलावा आतंकियों ने तीन आदिवासी नेताओं का अपहरण कर उनकी हत्या कर दी।
९ अक्टूबर को जन्मे प्रसिद्ध व्यक्ति~
१२३८: सुलतान-उल-औलिया निज़ामुद्दीन औलिया — वे चिश्ती घराने के सबसे प्रसिद्ध भारतीय सूफी संतों में से एक थे।
१६२४: मुराद बख़्श — मुगल बादशाह शाहजहाँ और मुमताज़ महल के पुत्र।
१८२६: राजा लक्ष्मण सिंह — हिन्दी साहित्य के इतिहास से जुड़े सुप्रसिद्ध साहित्यकार थे।
१८७३: विलियम एस मारिस — भारत सरकार के गृह विभाग के कार्यवाहक सचिव।
१८७७: गोपबंधु दास — प्रसिद्ध स्वतंत्रता सेनानी, पत्रकार, कवि, साहित्यकार तथा उड़ीसा के प्रख्यात सामाजिक कार्यकर्ता।
१८९७: मिनजुर भक्तवत्सलम — स्वतंत्रता सेनानी और तमिलनाडु के पूर्व मुख्यमंत्री।
१९४०: जॉन लेनन — ब्रिटेन के दिग्गज रॉक संगीतकार और दुनिया के सबसे मशहूर बैंड ‘द बीटल्स’ के सदस्य।
१९४५: अमजद अली ख़ाँ — प्रसिद्ध भारतीय सरोद वादक।
१९५२: शारदा सिन्हा — प्रसिद्ध भारतीय लोक गायिका, जिन्हें विशेष रूप से उनके छठ गीतों के लिए जाना जाता है।
१९६४: गिलेर्मो डेल टोरो — ऑस्कर पुरस्कार विजेता मैक्सिकन फिल्म निर्देशक और लेखक।
१९६६: डेविड कैमरन — यूनाइटेड किंगडम (ब्रिटेन) के पूर्व प्रधानमंत्री।
१९६७: एडी गुरेरो — डब्ल्यूडब्ल्यूई(रेसलिंग) के दिग्गज और दुनिया भर के फैंस के चहेते अमेरिकी-मेक्सिकन रेसलर।
१९८१: मोना सिंह — भारतीय टेलीविजन और फिल्म अभिनेत्री (‘जस्सी जैसी कोई नहीं’ फेम)।
१९८५: सयानी गुप्ता — बॉलीवुड फिल्मों और वेब सीरीज की जानी-मानी अभिनेत्री।
१९९६: बेला हदीद — दुनिया की सबसे प्रसिद्ध और टॉप अमेरिकी सुपरमॉडल्स में से एक।
९ अक्टूबर को हुए प्रमुख निधन~
१८७३: विलियम एस मारिस — ब्रिटिश काल में भारत सरकार के गृह विभाग के कार्यवाहक सचिव।
१९५८: पोप पायस XII — कैथोलिक चर्च के २६०वें पोप (१९३९-१९५८)।
१९६३: सैफ़ुद्दीन किचलू — पंजाब के प्रसिद्ध स्वतंत्रता सेनानी (लेनिन शांति पुरस्कार से सम्मानित)।
१९६७: चे ग्वेरा — अर्जेंटीना के विख्यात मार्क्सवादी क्रांतिकारी और गुरिल्ला नेता (बोलिविया में फांसी दी गई)।
१९७४: ऑस्कर शिंडलर — प्रसिद्ध जर्मन व्यवसायी, जिन्होंने होलोकॉस्ट (नरसंहार) के दौरान १,२०० से अधिक यहूदियों की जान बचाई थी।
१९७८: जैक्स ब्रेल — बेल्जियम के बेहद लोकप्रिय गायक, गीतकार और अभिनेता।
१९८८: फेलिक्स वानकेल — रोटरी इंजन का आविष्कार करने वाले मशहूर जर्मन मैकेनिकल इंजीनियर।
१९८८: सैफ़ुद्दीन किचलू — पंजाब के स्वतंत्रता सेनानी।
२००४: ज़ाक देरिदा — प्रसिद्ध फ्रांसीसी दार्शनिक, जिन्हें ‘विखंडनवाद’ के सिद्धांत के लिए जाना जाता है।
२००६: कांशीराम — भारतीय राजनेता।
२०१५: रवीन्द्र जैन — भारतीय हिन्दी सिनेमा के प्रसिद्ध संगीतकार तथा गायक।
२०२४: रतन टाटा — भारत के सबसे सम्मानित उद्योगपति और टाटा ग्रुप के पूर्व चेयरमैन।
२०२५: वरिंदर सिंह घुमन — भारतीय बॉडीबिल्डर और अभिनेता।
९ अक्टूबर के महत्त्वपूर्ण अवसर एवं उत्सव~
विश्व डाक दिवस (सप्ताह): ९ अक्टूबर १८७४ को स्विट्जरलैंड के बर्न में यूनिवर्सल पोस्टल यूनियन की स्थापना हुई थी। इसकी वर्षगांठ को याद करने के लिए हर साल यह दिवस मनाया जाता है। १९६९ में टोक्यो (जापान) में आयोजित यूपीयू कांग्रेस द्वारा इसे विश्व डाक दिवस के रूप में घोषित किया गया था। विश्व डाक दिवस प्रत्येक वर्ष ९ अक्टूबर को मनाया जाता है, और भारत में ९ से १५ अक्टूबर २०२६ तक राष्ट्रीय डाक सप्ताह मनाया जा रहा है।
भारतीय प्रादेशिक सेना दिवस: भारतीय प्रादेशिक सेना दिवस हर साल ९ अक्टूबर को मनाया जाता है। प्रादेशिक सेना अधिनियम १९४८ के तहत इसे मंजूरी मिली और ९ अक्टूबर १९४९ को भारत के पहले गवर्नर-जनरल सी. राजगोपालाचारी ने इसका औपचारिक उद्घाटन किया था। यह नियमित भारतीय सेना के बाद देश की रक्षा की दूसरी पंक्ति मानी जाती है। इसमें ऐसे आम नागरिक शामिल होते हैं, जो सामान्य जीवन में अपने पेशेवर काम करते हैं और देश की जरूरत पड़ने पर या समय-समय पर सेना में अपनी सेवाएं देते हैं।





