कोलकाता: क्रिकेट एसोसिएशन ऑफ बंगाल (सीएबी) ने राज्य के क्रिकेट स्तर को भविष्य में और अधिक मजबूत और प्रतिस्पर्धी बनाने के उद्देश्य से ‘विजन २०२८’ के तहत विशेष गेंदबाज कोचिंग कैंप का आयोजन किया है। बंगाल की अंडर-२३ (२३ वर्ष से कम) पुरुष क्रिकेट टीम के युवा और प्रतिभाशाली गेंदबाजों के लिए आयोजित यह विशेष प्रशिक्षण शिविर ‘विजन २०२८’ के प्रमुख और पूर्व भारतीय तेज गेंदबाज/ बंगाल के सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम और कपड़ा राज्य मंत्री अशोक डिन्डा
की सीधी देखरेख और मुख्य मार्गदर्शन में संचालित किया गया।
बंगाल क्रिकेट का भविष्य माने जाने वाले इन युवा गेंदबाजों के कौशल और तकनीकी बारीकियों को सुधारने में इस शिविर को बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
प्रशिक्षण शिविर के दौरान तेज गेंदबाजी के मुख्य कोच अशोक डिंडा खुद मैदान पर सक्रिय रहकर युवा खिलाड़ियों को गेंदबाजी की आधुनिक कला, गति और सटीक लाइन-लेंथ के बारे में महत्वपूर्ण गुर सिखाते नजर आए। वहीं, दूसरी ओर स्पिन गेंदबाजी की कमान ‘विजन २०२८’ के स्पिन बॉलिंग कोच उत्पल चटर्जी ने संभाली, जिन्होंने युवा स्पिनरों को टर्न और फ्लाइट से जुड़ी महत्वपूर्ण रणनीतियों की व्यावहारिक जानकारी दी। इनडोर और आउटडोर नेट्स पर अभ्यास के दौरान दोनों दिग्गज कोचों ने खिलाड़ियों के बॉलिंग एक्शन, क्रीज के बेहतरीन इस्तेमाल और मैच की परिस्थितियों के अनुसार गेंदबाजी करने के तौर-तरीकों को बारीकी से परखा।
इस विशेष कैंप में बंगाल क्रिकेट के विभिन्न आयु समूहों के अन्य कोच और सहायक कर्मचारी (सपोर्ट स्टाफ) भी उपस्थित थे, जिससे प्रत्येक युवा खिलाड़ी पर व्यक्तिगत रूप से ध्यान देना आसान हो गया। बंगाल क्रिकेट बोर्ड ने साल २०२८ तक राज्य से राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर के बेहतरीन गेंदबाज तैयार करने के दीर्घकालिक लक्ष्य के साथ इस ‘विजन २०२८’ अभियान की शुरुआत की है। खेल विश्लेषकों का मानना है कि अशोक डिंडा जैसे अनुभवी और आक्रामक पूर्व खिलाड़ी के नेतृत्व में चल रहे इस प्रशिक्षण से आने वाले दिनों में बंगाल की टीम घरेलू क्रिकेट और विशेष रूप से रणजी ट्रॉफी जैसे बड़े टूर्नामेंटों में एक बेहद मजबूत ताकत बनकर उभरेगी।









