नई दिल्ली: अंतर्राष्ट्रीय नशा निषेध और अवैध तस्करी विरोधी दिवस के अवसर पर ‘नशामुक्त भारत’ (नशा मुक्त भारत) के निर्माण के लिए सामूहिक संकल्प को और मजबूत करने पर जोर दिया गया है। इस विशेष अवसर पर भारत के उपराष्ट्रपति सी. पी. राधाकृष्णन ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म फेसबुक के माध्यम से एक सार्वजनिक अपील जारी की है। उन्होंने समाज को पूरी तरह से व्यसनमुक्त बनाने और एक मजबूत एवं स्वस्थ राष्ट्र के निर्माण के लिए सभी नागरिकों से एकजुट होने का आह्वान किया है।
उपराष्ट्रपति राधाकृष्णन ने इस अभियान को सफल बनाने में देश के विभिन्न विश्वविद्यालयों, शैक्षणिक संस्थानों और सामाजिक संगठनों द्वारा निभाई जा रही भूमिका की उच्च सराहना की। उन्होंने कहा कि युवाओं को नशे की लत से बचाने और जागरूकता फैलाने में इन संस्थानों द्वारा किए जा रहे प्रयास देश को समृद्ध बनाने में महत्वपूर्ण योगदान दे रहे हैं।
जारी संदेश में इस बात पर विशेष बल दिया गया है कि नशे के जाल से बाहर निकलने के लिए संघर्ष कर रहे लोगों को आवश्यक सहायता और सहानुभूति प्रदान करते हुए समाज में जागरूकता फैलाना हम सभी की साझा जिम्मेदारी है। इसके साथ ही, उपराष्ट्रपति ने देश की युवा पीढ़ी से नशे के अंधकारमय रास्ते को छोड़कर आशा, अच्छे स्वास्थ्य और रचनात्मक उद्देश्यों के साथ सामूहिक रूप से आगे बढ़ने की विशेष अपील की है।










