कैटरिंग कंटेनर के जरिए गुप्त रूप से निकाले गए बाहर
नई दिल्ली: तुर्की में आयोजित नाटो शिखर सम्मेलन के दौरान अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की सुरक्षा पर गंभीर खतरा मंडराने का सनसनीखेज खुलासा हुआ है। अमेरिकी मीडिया न्यूयॉर्क टाइम्स की रिपोर्ट के अनुसार, ईरानी एजेंटों को ट्रंप के होटल और उनके कमरे के फ्लोर की सटीक जानकारी थी। इसके अलावा, नाटो समिट के पास कंधे से दागी जाने वाली सतह से हवा में मार करने वाली मिसाइल के साथ एक संदिग्ध को देखा गया था, जिससे ट्रंप के आधिकारिक विमान ‘एयर फोर्स वन’ पर हमले का जोखिम बढ़ गया था।
खतरे की गंभीरता को देखते हुए अमेरिकी सुरक्षा अधिकारियों ने एक बेहद गोपनीय प्लान तैयार किया था। इसके तहत ट्रंप सार्वजनिक रूप से अपने पुराने एयर फोर्स वन विमान में सवार हुए, लेकिन बाद में उन्हें गुप्त रूप से एयरपोर्ट से एक कैटरिंग कंटेनर के माध्यम से ले जाकर एक सैन्य विमान में बैठाया गया और तुर्की से बाहर निकाला गया। वहीं असली एयर फोर्स वन में विदेश मंत्री मार्को रुबियो, वित्त मंत्री स्कॉट बेसेंट और वरिष्ठ सलाहकारों को रवाना किया गया ताकि ध्यान भटकाया जा सके। अंकारा से ब्रिटेन की ८ जुलाई की उड़ान के दौरान विमान की सभी खिड़कियों के शेड बंद रखने के निर्देश दिए गए थे और बाद में कैमरों के सामने उतरने से ठीक पहले ट्रंप चुपके से वापस अपने मुख्य विमान में सवार हो गए।











