जलपाईगुड़ी: डुआर्स के चाय बागान इलाकों में जंगली हाथियों का आतंक थमने का नाम नहीं ले रहा है। आज सोमवार सुबह मेटेली ब्लॉक के अंतर्गत नागेश्वरी चाय बागान में चायपत्ती तोड़ने के दौरान एक जंगली हाथी ने अचानक हमला कर दिया, जिससे एक बागान श्रमिक की मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई। इस दुखद घटना से पूरे इलाके में शोक और दहशत का माहौल है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, मृत श्रमिक की पहचान नागेश्वरी चाय बागान के ही निवासी ४० वर्षीय दीपक ग्वाला के रूप में हुई है। स्थानीय सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक, आज सुबह एक जंगली हाथी जंगल से निकलकर पहले जुरंती चाय बागान में घुसा और वहां से होते हुए नागेश्वरी चाय बागान के १९ नंबर बी सेक्शन में पहुंच गया।
उस वक्त बागान के अन्य श्रमिकों के साथ दीपक ग्वाला भी अपने दैनिक काम में व्यस्त थे। चाय की झाड़ियों के बीच से अचानक निकले हाथी ने दीपक पर हमला बोल दिया। हाथी के सूंड और पैरों के घातक प्रहार से गंभीर रूप से घायल दीपक ने मौके पर ही दम तोड़ दिया। बागान में उत्पात मचाने के बाद वह हाथी आईबिल चाय बागान की तरफ निकल गया।
घटना की खबर आग की तरह फैलते ही मेटेली थाना की पुलिस, वन विभाग के खुनिया स्क्वाड के कर्मी और केंद्रीय बल तुरंत मौके पर पहुंचे। वन कर्मियों और पुलिस की टीम ने शव को अपने कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए जलपाईगुड़ी अस्पताल भेज दिया है। वन विभाग ने बताया कि हाथी की गतिविधियों पर उनके दल कड़ी नजर रख रहे हैं और बागान क्षेत्र के लोगों से सतर्क रहने की अपील की गई है।
इसी बीच, घटना की सूचना मिलते ही भारतीय जनता पार्टी के स्थानीय नेता अमित छेत्री भी मौके पर पहुंचे और मृतक के शोक संतप्त परिवार से मिलकर गहरी संवेदना व्यक्त की। उन्होंने पीड़ित परिवार को हरसंभव निजी सहयोग देने और सरकारी नियमों के तहत वन विभाग से मिलने वाला उचित मुआवजा दिलाने के लिए कड़े प्रयास करने का आश्वासन दिया है। इस घटना के बाद से स्थानीय बागान निवासियों में वन विभाग के प्रति असंतोष और जंगली जानवरों के बढ़ते उपद्रव को लेकर भारी दहशत देखी जा रही है।









