नई दिल्ली: एशियाई खेल २०२६ में जय मीणा ने इतिहास रच दिया। बुधवार को पुरुष एकल सेमीफाइनल में पहुँचकर उन्होंने सॉफ्ट टेनिस में भारत के लिए एशियाई खेलों का पहला पदक पक्का किया। पुरुष एकल सॉफ्ट टेनिस में जय मीणा को चोट के कारण सेमीफाइनल से हटना पड़ा। इसके साथ ही उनका स्वर्ण पदक जीतने का अभियान समाप्त हो गया और उन्हें कांस्य पदक से ही संतोष करना पड़ा।
चोट के कारण सेमीफाइनल में न उतर पाने के बावजूद जय ने इतिहास रच दिया। एशियाई खेलों में सॉफ्ट टेनिस में यह भारत का पहला पदक है। क्वार्टर फाइनल में जीत के साथ जय मीणा ने कम से कम कांस्य पदक पक्का कर लिया था। रोमांचक क्वार्टर फाइनल में उन्होंने फिलीपींस के शेरविन नुगुइट को ७ गेम में ०-४, ४-२, २-४, ५-३, २-४, ७-५ से पराजित किया। इससे पहले उन्होंने ग्रुप डी में पाकिस्तान के अरैन हुसैन को ४-० से आसानी से हराकर क्वार्टर फाइनल में जगह बनाई थी।
जय मीणा का यह तीसरा एशियाई खेल है। इससे पहले उन्होंने २०१८ और २०२२ के संस्करणों में भी हिस्सा लिया था। उल्लेखनीय है कि सॉफ्ट टेनिस में जय मीणा की यात्रा लगभग संयोग से शुरू हुई थी क्योंकि वह शुरुआत में क्रिकेटर बनना चाहते थे। देवास में पढ़ाई के दौरान उन्हें सॉफ्ट टेनिस कोर्ट में उतरने का मौका मिला था और वहीं से इस खेल में उनकी रुचि बढ़ी थी।





