गुवाहाटी: असम के मुख्यमंत्री हिमंत विश्व सरमा ने बताया कि बाढ़ की इस आपदा के बीच पशुओं और वन्यजीवों की सुरक्षा के लिए सरकार के प्रयास निरंतर जारी हैं। नागालैंड के नामचांग क्षेत्र से दिक्खौ नदी पार करके असम लाए गए एक ५३ वर्षीय घरेलू हाथी को शिवसागर जिले के बिहुब क्षेत्र से सुरक्षित बचा लिया गया है। इस हाथी को फिलहाल शिमलुगुड़ी के बालीघाट में विश्राम के लिए रखा गया है।
हाथी के रेस्क्यू की सूचना मिलते ही नाजिरा पशु अस्पताल की एक विशेष पशु चिकित्सा टीम तुरंत मौके पर पहुंची और हाथी का स्वास्थ्य परीक्षण कर उसे आवश्यक प्राथमिक उपचार प्रदान किया। हाथी की स्वास्थ्य स्थिति को देखते हुए फिलहाल उसे पशु चिकित्सकों की गहन देखरेख में रखा गया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि इस आपदा के दौरान मनुष्यों के साथ-साथ वन्यजीवों की सुरक्षा और कल्याण सुनिश्चित करना हम सभी की समान जिम्मेदारी है।











