नई दिल्ली: इतिहास में २४ जून का दिन भारत और विश्व की कई महत्वपूर्ण घटनाओं, उपलब्धियों और त्रासदियों का साक्षी रहा है। प्रमुख घटनाओं और ऐतिहासिक तथ्यों का तिथि-वार संक्षिप्त विवरण इस प्रकार है:
१२०६: दिल्ली सल्तनत के संस्थापक कुतुबुद्दीन ऐबक की लाहौर (अब पाकिस्तान) में ताजपोशी हुई।
१५०९: इंग्लैंड के राजा हेनरी VIII ने स्पेन की राजकुमारी कैथरीन ऑफ आरागॉन से शादी की।
१५६४: भारत की साहसी वीरांगना महारानी दुर्गावती मुगलों के खिलाफ भीषण युद्ध लड़ते हुए वीरगति को प्राप्त हुईं।
१७९३: फ्रांस ने पहली बार अपना रिपब्लिकन संविधान अपनाया।
१८१२: नेपोलियन ने रूस पर अपना ऐतिहासिक हमला शुरू किया।
१८२१: वेनेज़ुएला ने स्पेन के औपनिवेशिक शासन से अपनी स्वतंत्रता हासिल की।
१८६३: प्रसिद्ध भारतीय लेखक और इतिहासकार विश्वनाथ काशीनाथ राजवाडे का जन्म हुआ।
१८६९: भारत के महान क्रांतिकारी दामोदर हरि चापेकर (चापेकर बंधु) का जन्म महाराष्ट्र के पुणे में हुआ। उन्होंने भारत की स्वतंत्रता के लिए अपने भाइयों (बालकृष्ण और वासुदेव) के साथ मिलकर ब्रिटिश सरकार के खिलाफ क्रांतिकारी गतिविधियों में सक्रिय भूमिका निभाई।
१८८०: कनाडाई राष्ट्रगान ‘ओ कनाडा’ का पहली बार सार्वजनिक रूप से प्रदर्शन किया गया।
१८८१: ‘ओम जय जगदीश हरे’ आरती के रचयिता तथा हिन्दी, पंजाबी के प्रसिद्ध साहित्यकार और स्वतंत्रता सेनानी पंडित श्रद्धाराम शर्मा का निधन हुआ।
१८८५: प्रसिद्ध राजनीतिज्ञ तथा कट्टर सिख नेता तारा सिंह का जन्म हुआ।
१८९७: प्रख्यात शिक्षाशास्त्री, संगीतज्ञ एवं हिन्दुस्तानी शास्त्रीय गायक ओंकारनाथ ठाकुर का जन्म हुआ।
१९०८: अमेरिका के २२वें और २४वें राष्ट्रपति ग्रोवर क्लीवलैंड का निधन हुआ।
१९३५: टैंगो संगीत इतिहास के सबसे प्रमुख व्यक्ति माने जाने वाले फ्रांसीसी-अर्जेंटीना मूल के महान गायक-गीतकार कार्लोस गार्देल का निधन हुआ।
१९३७: भारतीय राजनेता और बिहार के भूतपूर्व मुख्यमंत्री जगन्नाथ मिश्रा का जन्म हुआ।
१९३७: अंग्रेज़ी साहित्य की प्रख्यात लेखिका अनीता देसाई का जन्म हुआ।
१९३७: प्रख्यात अंतरिक्ष विज्ञानी कैरोलिन शूमेकर का जन्म हुआ।
१९४७: प्रसिद्ध ब्रिटिश-अमेरिकी संगीतकार और ‘फ्लीटवुड मैक’ रॉक बैंड के ड्रमर मिक फ्लीटवुड का जन्म हुआ।
१९४८: सोवियत संघ ने पश्चिमी बर्लिन की नाकाबंदी शुरू की।
१९५०: प्रथम विश्व युद्ध के दौरान उन चंद भारतीय सैनिकों में से एक, जिन्हें ब्रिटिश राज का सबसे बड़ा युद्ध पुरस्कार “विक्टोरिया क्रॉस” मिला था, दरबान सिंह नेगी का निधन हुआ।
१९६३: भारत के डाक एवं टेलीग्राफ विभाग ने राष्ट्रीय टेलेक्स सेवा की शुरुआत की।
१९६६: मुंबई से न्यूयार्क जा रहे एयर इंडिया के विमान के स्विट्ज़रलैंड के माउंट ब्लैंक में दुर्घटनाग्रस्त होने से ११७ लोगों की मौत हो गई।
१९७४: भारतीय टीम लॉर्ड्स टेस्ट की दूसरी पारी में इंग्लैंड के खिलाफ मात्र ४२ रन पर सिमट गई। यह टेस्ट इतिहास में भारत का न्यूनतम स्कोर है और भारत यह मैच एक पारी और २८५ रन से हारा था।
१९७५: न्यूयॉर्क के जेएफके हवाई अड्डे पर एक विमान दुर्घटना में ११३ लोग मारे गए।
१९७९: लोकप्रिय अमेरिकी अभिनेत्री, लेखिका और निर्माता मिंडी कलिंग का जन्म हुआ।
१९८०: भारत के चौथे राष्ट्रपति वी. वी. गिरि का निधन हुआ।
१९८३: अंतरिक्ष में यात्रा करने वाली पहली अमेरिकी महिला सैली राइड आज ही के दिन स्पेस शटल से सुरक्षित पृथ्वी पर वापस लौटी थीं।
१९८७: विश्व प्रसिद्ध फुटबॉल खिलाड़ी लियोनेल मेसी का अर्जेंटीना में जन्म हुआ।
१९९०: भारत ने अपनी तीसरी पीढ़ी की स्वदेशी एंटी-टैंक मिसाइल ‘नाग’ का सफल परीक्षण किया।
२०१०: लेबर पार्टी की उपनेता जूलिया गिलार्ड ऑस्ट्रेलिया की पहली महिला प्रधानमंत्री बनीं।
२०१०: टेनिस इतिहास का सबसे लंबा मैच विंबलडन में खेला गया, जो अमेरिका के जॉन इसनर और फ्रांस के निकोलस माहुत के बीच ११ घंटे और ५ मिनट तक चला था।
२०१८: सऊदी अरब में महिलाओं को पहली बार ड्राइविंग करने की कानूनी अनुमति मिली और दशकों पुराना प्रतिबंध समाप्त हुआ।
२०२३: वैग्नर ग्रुप ने यूक्रेन के खिलाफ युद्ध के बीच रूसी सरकार के खिलाफ बगावत की।
२०२४: ह्वासियोंग में लिथियम बैटरी बनाने वाली एक फैक्ट्री में भीषण आग लगने से २३ लोगों की दर्दनाक मौत हो गई।
२०२५: ओस्ट्रावा गोल्डन स्पाइक प्रतियोगिता में नीरज चोपड़ा ने ८५.२९ मीटर दूर भाला फेंककर गोल्ड मेडल जीता।
२०२५: पांच विकेट से पहला टेस्ट मैच हारा भारत, इंग्लैंड ने भारत को करारी शिकस्त दी।
२०२५: जापानी सेना ने इतिहास में पहली बार अपने देश में मिसाइल परीक्षण किया।
विशेष दिवस:
इंटरनेशनल फेयरी डे:
हर साल २४ जून को ‘इंटरनेशनल फेयरी डे’ मनाया जाता है। यह दिन उन जादुई और कल्पनात्मक प्राणियों – फेयरीज़ (परियों) – के सम्मान में मनाया जाता है जो लोककथाओं, बच्चों की कहानियों और पौराणिक कथाओं में लंबे समय से रचे-बसे हैं। इस दिवस की शुरुआत २००० के दशक की शुरुआत में लेखिका और कलाकार जेसिका गाल्ब्रेथ ने की थी, जिनका उद्देश्य परियों की कला और कल्पनाशीलता को सम्मान देना था। इस दिन दुनियाभर में फेयरी थीम वाली पार्टियां आयोजित की जाती हैं, लोग परियों जैसी पोशाकें पहनते हैं और किताबों व फिल्मों के जरिए इन जादुई किरदारों को याद करते हैं। यह दिवस न सिर्फ बच्चों बल्कि फैंटेसी प्रेमियों के बीच भी बेहद लोकप्रिय है, जो उन्हें कल्पनाओं की जादुई दुनिया में खो जाने का मौका देता है।










