डलास: आखिरी समय में किए गए गोल की बदौलत स्पेन ने फीफा वर्ल्ड कप २०२६ के क्वार्टर फाइनल में अपनी जगह पक्की कर ली है। सोमवार देर रात खेले गए मुकाबले में स्पेन ने पुर्तगाल को १-० से शिकस्त दी। स्पेन के लिए मैच का एकमात्र और निर्णायक गोल मिकेल मेरिनो ने इंजरी टाइम के पहले मिनट में किया। मेरिनो के इसी गोल ने जहां स्पेन को क्वार्टर फाइनल का टिकट दिलाया, वहीं दिग्गज फॉरवर्ड क्रिस्टियानो रोनाल्डो और उनकी टीम पुर्तगाल के वर्ल्ड कप अभियान पर पूर्णविराम लगा दिया।
डलास स्टेडियम में ४४ प्रतिशत पजेशन के साथ खेलने वाली पुर्तगाल की टीम ने शुरुआत से ही आक्रामक रुख अपनाया। इस बीच स्पेन ने शुरुआत में काउंटर-अटैक की रणनीति अपनाई, लेकिन लय में आने के बाद लगातार हमले शुरू कर दिए। इसी दौरान स्पेन के फॉरवर्ड मिकेल ओयारजाबाल पहले हाफ में गोल करने के बेहद करीब पहुंचकर चूक गए। इसके अलावा, पुर्तगाल के गोलकीपर डियोगो कोस्टा ने एलेक्स बेना के एक बेहतरीन कर्लिंग शॉट का शानदार बचाव करते हुए अपनी टीम को पिछड़ने से बचाया।
दूसरी ओर, पुर्तगाल ने भी स्पेन के डिफेंस पर लगातार दबाव बनाए रखा। कप्तान क्रिस्टियानो रोनाल्डो ने कुछ बेहतरीन मूव्स बनाए, जबकि नूनो मेंडेस का एक डिफ्लेक्टेड शॉट क्रॉसबार से टकराकर वापस लौट आया। दोनों ही हाफ में दोनों टीमों को कुछ अच्छे मौके मिले, लेकिन कोई भी उसे गोल में तब्दील नहीं कर सका। दूसरे हाफ में दोनों टीमें काफी सतर्क दिखीं और मैच गोलरहित आगे बढ़ता रहा। एक समय ऐसा लग रहा था कि मैच एक्स्ट्रा टाइम में खिंचेगा, लेकिन इंजरी टाइम में पूरा समीकरण बदल गया।
इंजरी टाइम के खेल में स्पेन के दो सब्स्टीट्यूट खिलाड़ियों ने मैच का फैसला कर दिया। फेरान टोरेस के सटीक पास पर मिकेल मेरिनो ने शानदार फिनिशिंग करते हुए स्पेन को १-० की बढ़त दिला दी। इंजरी टाइम के पहले मिनट में गोल खाने के बाद पुर्तगाल को वापसी का मौका नहीं मिल सका और मेरिनो का यही गोल अंत में निर्णायक साबित हुआ।
इस हार के साथ ही ४१ वर्षीय क्रिस्टियानो रोनाल्डो का विश्व कप २०२६ का सफर भी समाप्त हो गया। रोनाल्डो पहले ही घोषणा कर चुके थे कि यह उनका आखिरी फीफा वर्ल्ड कप होगा। अपना छठा वर्ल्ड कप खेल रहे रोनाल्डो ने टीम को चैंपियन बनाने की पूरी कोशिश की, लेकिन उन्हें कामयाबी नहीं मिल सकी। उन्होंने अपने वर्ल्ड कप करियर में कुल २७ मैच खेलकर ११ गोल दागे। इसके साथ ही उन्होंने वर्ल्ड कप के लगातार ६ अलग-अलग संस्करणों में गोल करने वाले दुनिया के एकमात्र फुटबॉलर का रिकॉर्ड भी अपने नाम किया। रोनाल्डो ने वर्ल्ड कप २०२६ में कुल ३ गोल किए, जिसमें उन्होंने उज्बेकिस्तान के खिलाफ ग्रुप स्टेज मैच में २ गोल और क्रोएशिया के खिलाफ राउंड ऑफ ३२ के मुकाबले में १ गोल किया था।









