सिलिगुड़ी: पश्चिम बंगाल अधिवक्ता परिषद की नई समिति के गठन के लिए राज्य के अन्य हिस्सों के साथ सोमवार को सिलिगुड़ी अदालत परिसर में मतदान शुरू हुआ। यह मतदान दो दिनों तक चलेगा।
इस वर्ष चुनाव में कुल ७५ उम्मीदवार मैदान में हैं। सिलिगुड़ी अधिवक्ता संघ से पाँच उम्मीदवार चुनाव लड़ रहे हैं। इनमें कांग्रेस, भारतीय जनता पार्टी, तृणमूल कांग्रेस, भारत की कम्युनिस्ट पार्टी (मार्क्सवादी) समर्थित प्रतिनिधि तथा एक निर्दलीय उम्मीदवार शामिल हैं।
सिलिगुड़ी अधिवक्ता संघ से तृणमूल कांग्रेस समर्थित अरुण कुमार सरकार, भारतीय जनता पार्टी समर्थित नंटु पाल, कांग्रेस समर्थित आलोकश चक्रवर्ती तथा भारत की कम्युनिस्ट पार्टी (मार्क्सवादी) समर्थित कल्याण साहा और सुब्रत सरकार चुनाव में अपनी किस्मत आजमा रहे हैं।
मतदान के पहले दिन सिलिगुड़ी नगर निगम के महापौर गौतम देव और उपमहापौर रंजन सरकार ने भी अपना मत दिया।
सिलिगुड़ी अधिवक्ता संघ के पूर्व सचिव आलोक धारा ने बताया कि यह चुनाव पूरे पश्चिम बंगाल अधिवक्ता परिषद के लिए हो रहा है और इसी प्रक्रिया के माध्यम से परिषद की नई समिति का गठन किया जाएगा।
उन्होंने बताया कि इस चुनाव में कुल ७५ उम्मीदवार मैदान में हैं, जिनमें से २३ उम्मीदवार चुने जाएंगे। यही २३ निर्वाचित सदस्य मिलकर नई समिति का गठन करेंगे।
उन्होंने यह भी कहा कि इस चुनाव में मतदान व्यक्तिगत आधार पर होता है, किसी भी राजनीतिक दल के चुनाव चिन्ह के आधार पर नहीं। सिलिगुड़ी अधिवक्ता परिषद से पाँच सदस्य इस चुनाव में भाग ले रहे हैं।
सिलिगुड़ी अधिवक्ता परिषद में लगभग २ हजार ९०० मतदाता हैं। मतगणना समाप्त होने के बाद विजयी उम्मीदवारों की घोषणा की जाएगी और उसके बाद निर्वाचित सदस्य नई समिति का गठन करेंगे।
इस बीच महापौर गौतम देव ने कहा कि उन्होंने भी पश्चिम बंगाल अधिवक्ता परिषद के चुनाव में अपना मत दिया है। उन्होंने यह भी बताया कि वह सिलिगुड़ी अधिवक्ता परिषद के एक सदस्य हैं।









