कोलकाता: कोलकाता स्थित कलकत्ता विश्वविद्यालय छह साल के अंतराल के बाद २३ मार्च को अपना दीक्षांत समारोह आयोजित करने जा रहा है। यह कार्यक्रम विश्वविद्यालय के सेंटेनरी हॉल में होगा, जो कॉलेज स्ट्रीट कैंपस के भीतर स्थित है।
अधिकारियों ने कार्यक्रम के समय में बदलाव किया है। पहले यह समारोह दोपहर १२:३० बजे शुरू होना था, लेकिन अब इसे सुबह ११ बजे से शुरू किया जाएगा।
विश्वविद्यालय के कुलपति ने बताया कि इस अवसर पर पश्चिम बंगाल के राज्यपाल आर. एन. रवि भी उपस्थित रहेंगे। वे छात्रों को व्यक्तिगत रूप से डिग्री प्रदान करेंगे।
जानकारी के अनुसार, इस वर्ष कुल १,१०६ शोधकर्ताओं को पीएचडी प्रमाणपत्र दिए जाएंगे। इसके अलावा एक व्यक्ति को डी.एससी. की उपाधि और दो अन्य को डी.लिट. की उपाधि प्रदान की जाएगी।
इस वर्ष डी.एससी. की उपाधि वैज्ञानिक विजय पांडुरंग भटकर को दी जाएगी, जो नालंदा विश्वविद्यालय के कुलाधिपति भी हैं। वहीं डी.लिट. की उपाधियाँ कवि रंजीत दास और शिक्षाविद फादर थॉमस को प्रदान की जाएंगी।
इसके अतिरिक्त आचार्य प्रफुल्ल चंद्र राय, रवींद्रनाथ टैगोर और स्वामी विवेकानंद जैसे महान व्यक्तित्वों के नाम पर दिए जाने वाले विभिन्न पुरस्कार भी इस समारोह में प्रदान किए जाएंगे।
समारोह को देखते हुए कॉलेज स्ट्रीट कैंपस के सभी कार्यालयों और विभागों के सामान्य दैनिक कार्य स्थगित रहेंगे। हालांकि परीक्षा नियंत्रक और आवश्यक विभागों का कार्य जारी रहेगा।
विश्वविद्यालय प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि इस दिन परिसर में केवल आमंत्रित अतिथियों और पुरस्कार प्राप्तकर्ताओं को ही प्रवेश की अनुमति दी जाएगी।










