छह हफ़्ते के अंदर पॉलिसी लाने का सुप्रीम कोर्ट का आदेश
नई दिल्ली: केंद्र सरकार एसिड अटैक पीड़ितों को रेल यात्रा में रियायती सुविधा देने पर सहमत हो गई है। इसके बाद सुप्रीम कोर्ट ने सरकार को इस मुद्दे पर ड्राफ्ट पॉलिसी जमा करने के लिए ६ सप्ताह का समय दिया है।
अतिरिक्त सॉलिसिटर जनरल अर्चना पाठक दवे ने सुप्रीम कोर्ट को बताया कि रेलवे बोर्ड ‘मरीज कैटेगरी’ के तहत एसिड अटैक पीड़ितों को यात्रा में छूट देने के लिए सैद्धांतिक रूप से सहमत हो गया है।
भारत के मुख्य न्यायाधीश (सीजेआई) सूर्यकांत की अध्यक्षता वाली पीठ ने केंद्र को निर्देश दिया कि वह ६ सप्ताह के भीतर प्रस्तावित पॉलिसी का ड्राफ्ट रिकॉर्ड पर रखे।
याचिकाकर्ता ‘अतिजीवन सोसायटी’ की ओर से अदालत में तर्क दिया गया कि पीड़ितों को बेहतर इलाज के लिए बार-बार अलग-अलग शहरों के अस्पतालों में जाना पड़ता है। इसलिए उन्हें बार-बार मेडिकल सर्टिफिकेट लेने की छूट और आपातकालीन स्थिति के लिए ‘इमरजेंसी टिकट कोटा’ की सुविधा भी दी जानी चाहिए।









