गंगटोक: सिक्किम सरकार ने राज्य के प्रत्येक आकांक्षी छात्र को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा और समान अवसर प्रदान करने की अपनी प्रतिबद्धता को दोहराते हुए एक ऐतिहासिक शिक्षा कार्यक्रम ‘सीएम-साथी’ का शुभारंभ किया है। भारत सरकार की ‘साथी’ पहल के तहत भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (आईआईटी) कानपुर के सहयोग से सिक्किम के मुख्यमंत्री प्रेम सिंह तामाङद्वारा शुरू किया गया यह कार्यक्रम राज्य के छात्रों के लिए एक बड़ा मील का पत्थर साबित होगा।
इस पहल के माध्यम से जेईई और नीट की तैयारी कर रहे छात्रों को विशेषज्ञों के वीडियो व्याख्यान, अध्ययन सामग्री, मॉक टेस्ट, अभ्यास प्रश्न और संदेह-निवारण सहायता के जरिए मुफ्त एवं विश्व स्तरीय कोचिंग प्रदान की जाएगी। यह सुनिश्चित करेगा कि वित्तीय पृष्ठभूमि की परवाह किए बिना हर मेधावी छात्र के घर और स्कूल तक गुणवत्तापूर्ण कोचिंग की पहुंच हो।
राज्य के ‘लक्ष्य सेंटर ऑफ एक्सीलेन्स’ को आगे बढ़ाते हुए शुरू की गई इस योजना से सिक्किम के ४० से अधिक सरकारी और निजी स्कूलों के २,००० से अधिक छात्रों के लाभान्वित होने की उम्मीद है। इसके साथ ही आईआईटी कानपुर के सहयोग से राज्य के विज्ञान और गणित शिक्षकों की पेशेवर क्षमताओं को भी मजबूत किया जाएगा।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री तामाङ ने केंद्रीय शिक्षा मंत्रालय और आईआईटी कानपुर से सीयूईटी, क्लैट, एनडीए और यूपीएससी फाउंडेशन जैसी अन्य राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए भी इसी तरह का सहयोग बढ़ाने का अनुरोध किया है, ताकि हर शैक्षणिक स्ट्रीम के छात्रों को इसका लाभ मिल सके। मुख्यमंत्री ने इस पहल को सिक्किम के युवाओं की आकांक्षाओं और उज्ज्वल भविष्य में एक बड़ा निवेश बताया है।









