मुख्यमंत्री पेमा खांडू ने प्रशासन और गजराज कॉर्प्स की सराहना की
ईटानगर: अरुणाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री पेमा खांडू ने राज्य के सुदूर सीमावर्ती क्षेत्रों में पहुंचाई गई अंतिम छोर के सुशासन (लास्ट-माइल गवर्नेंस) का एक उत्कृष्ट उदाहरण साझा करते हुए तवांग जिला प्रशासन और भारतीय सेना के गजराज कॉर्प्स की उच्च सराहना की है। मुख्यमंत्री खांडू के आधिकारिक फेसबुक पेज के माध्यम से दी गई जानकारी के अनुसार, १४ हजार फीट की ऊंचाई पर स्थित चुना हाई ग्राउंड में चरवाहों के लिए विशेष कल्याणकारी आउटरीच कार्यक्रम और चिकित्सा शिविर का आयोजन किया गया। इस अभियान ने सीमावर्ती क्षेत्र के निवासियों को राहत पहुंचाने के साथ-साथ स्थानीय याक संस्कृति के संरक्षण और संवर्धन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।
इसके साथ ही मागो-चुना क्षेत्र में १५ हजार ६०० फीट की अत्यधिक ऊंचाई पर स्थित प्रसिद्ध गोंगकर ला झील परिसर में पर्यटन विकास और व्यापक स्वच्छता अभियान (सफाई कार्यक्रम) भी सफलतापूर्वक चलाया गया। मुख्यमंत्री खांडू ने इस दुर्गम क्षेत्र में गोरखा समुदाय, गजराज कॉर्प्स की मेडिकल टीम और स्थानीय प्रशासन द्वारा दिखाई गई सेवा भावना तथा अनुकरणीय नागरिक-सैन्य साझेदारी की सराहना करते हुए इस कार्य में शामिल सभी लोगों को बधाई दी। सीमावर्ती समुदायों के विकास, राष्ट्रीय सुरक्षा और पर्यावरण संरक्षण के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता को ऐसे दुर्गम क्षेत्रों के अभियान और मजबूत बनाते हैं।











