कोलकाता: पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव प्रचार के दौरान ममता बनर्जी ने शनिवार को दक्षिण २४ परगना के बारुईपुर में आयोजित एक जनसभा से राज्य पुलिस और प्रशासन को लेकर तीखी टिप्पणी की।
तृणमूल कांग्रेस प्रमुख और मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने आरोप लगाया कि स्थानीय पुलिस केंद्रीय बलों के सामने दबाव में काम कर रही है। उन्होंने चेतावनी भरे अंदाज में कहा कि केंद्रीय बलों के चले जाने के बाद देखा जाएगा कि क्या होता है।
बारुईपुर पश्चिम विधानसभा क्षेत्र के प्रत्याशी बिमान बनर्जी और बारुईपुर पूर्व के प्रत्याशी बिभास सरदार के समर्थन में आयोजित इस सभा में ममता ने कहा कि वर्तमान में स्थानीय पुलिस केंद्रीय बलों के दबाव में कार्य कर रही है, लेकिन यह स्थिति केवल दो–तीन सप्ताह की है, इसके बाद परिस्थितियाँ बदल जाएंगी।
मुख्यमंत्री ने चुनाव प्रक्रिया में प्रशासनिक हस्तक्षेप का आरोप लगाते हुए कहा कि राज्य में बड़े पैमाने पर अधिकारियों का स्थानांतरण किया गया है। उन्होंने दावा किया कि भारतीय जनता पार्टी चुनाव में निष्पक्ष प्रतिस्पर्धा के बजाय प्रशासनिक दबाव का सहारा ले रही है।
ममता बनर्जी ने केंद्र सरकार पर भी हमला करते हुए कहा कि वर्तमान राजनीतिक घटनाक्रम से भाजपा कमजोर हो रही है और बंगाल में इसका असर साफ दिखेगा। उन्होंने कहा कि बंगाल हमेशा देश को दिशा दिखाता है और इस बार भी परिवर्तन की शुरुआत यहीं से होगी।
महिला आरक्षण विधेयक और परिसीमन के मुद्दे पर भी उन्होंने केंद्र सरकार को घेरा। ममता ने आरोप लगाया कि महिलाओं के अधिकार के नाम पर राजनीतिक लाभ लेने की कोशिश की जा रही है।
सभा में उन्होंने राज्य सरकार की विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं का उल्लेख करते हुए मतदाताओं से तृणमूल कांग्रेस के समर्थन में मतदान की अपील की। उन्होंने कहा कि उनकी सरकार ने रोजगार, स्वास्थ्य, पेंशन, किसानों और महिलाओं के लिए अनेक योजनाएं लागू की हैं।










