काठमांडू. नेपाली कांग्रेस के नेता रमेश लेखक ने साफ कर दिया है कि पार्टी की लेजिटिमेसी का मुद्दा अब इलेक्शन कमीशन और कोर्ट सुलझाएंगे।
नेता लेखक ने कहा कि नाराज़ पार्टी पैरेलल एक्टिविटीज़ जारी रखे हुए है और एस्टैब्लिशमेंट पार्टी ने एक्शन लेने का फैसला किया है, इसलिए अगला कदम लीगल रिड्रेस है।
लेखक ने कहा, ‘अब इसके लिए इलेक्शन कमीशन और कोर्ट जाने का रास्ता खुला है,’ ‘अब किसे मान्यता मिलेगी, इसका फैसला लीगल और पॉलिटिकल लड़ाई से शुरू होगा।’
लेखक ने कहा कि जनरल सेक्रेटरी गगन थापा और बिश्वप्रकाश शर्मा के खिलाफ एक्शन लेने के बाद पार्टी के अंदर का झगड़ा अब पॉलिटिकल आम सहमति से हटकर लीगल लड़ाई में बदल गया है।
यह मानते हुए कि आखिरी समय तक बातचीत और पार्टी को एकजुट करने की कोशिशों के बावजूद कामयाबी नहीं मिली, लेखक ने कहा कि दोनों पार्टियां अब अपने-अपने रास्ते चली गई हैं।
उन्होंने कहा, ‘वे अलग-अलग इकट्ठा हुए और अपनी कैंडिडेटी रजिस्टर की, हमने कानून के मुताबिक एक्शन लिया। अब लेजिटिमेसी का टेस्ट कानून और संविधान के हिसाब से सरकारी संस्थाओं पर है।
लेखक ने कहा कि हालांकि यह कानूनी लड़ाई कुछ मायनों में डेमोक्रेसी और कांग्रेस को कमजोर करेगी, लेकिन हालात ने एक मजबूर करने वाली स्थिति पैदा कर दी है।








