कोलकाता: ममता बनर्जी ने मंगलवार को आरोप लगाया कि राज्य में विशेष गहन पुनरीक्षण प्रक्रिया के बाद मतदाता सूची से मतुआ और अल्पसंख्यक समुदाय के लोगों के नाम हटाए गए हैं।
के चकदा में आयोजित एक चुनावी सभा को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि उन सभी लोगों के साथ खड़ी रहेगी, जिनके नाम इस विशेष अभियान के बाद सूची से हटा दिए गए हैं।
मुख्यमंत्री ने दावा किया कि यह कार्रवाई विशेष समुदायों को निशाना बनाकर की गई है, जिसमें मतुआ, राजबंशी और अन्य अल्पसंख्यक वर्ग शामिल हैं। उन्होंने कहा कि उनके प्रयासों के बाद मामला में उठाया गया, जिसके परिणामस्वरूप लगभग ६० लाख मामलों में से करीब ३२ लाख नामों को फिर से मतदाता सूची में जोड़ा गया।
इस बीच के ताजा आंकड़ों के अनुसार, विशेष पुनरीक्षण के बाद राज्य में लगभग ९१ लाख मतदाताओं के नाम सूची से हटाए गए हैं।
गौरतलब है कि २९४ सदस्यीय विधानसभा के लिए चुनाव दो चरणों में २३ अप्रैल और २९ अप्रैल को होंगे, जबकि मतगणना ४ मई को की जाएगी।










