इस्लामाबाद: पाकिस्तान की सेना ने बताया है कि अशांत बलूचिस्तान प्रांत में चलाए गए व्यापक आतंकवाद-रोधी अभियानों में कम से कम १५ पाकिस्तानी सैनिक शहीद हो गए हैं, जबकि ९२ आतंकवादियों को मार गिराया गया है।
सेना के अनुसार, ये अभियान शनिवार को जातीय बलूच समूहों से जुड़े आतंकवादियों द्वारा विभिन्न क्षेत्रों में किए गए हमलों के बाद शुरू किए गए। आतंकवादियों ने क्वेटा, मस्तुंग, नुश्की, दलबंदीन, खरान, पंजगुर, तुम्प, ग्वादर और पसनी के आसपास आतंकी गतिविधियों के ज़रिये शांति भंग करने का प्रयास किया था।
सेना के बयान में कहा गया है कि सुरक्षा बलों और कानून प्रवर्तन एजेंसियों ने अत्यधिक सतर्कता के साथ त्वरित कार्रवाई करते हुए इन प्रयासों को विफल कर दिया। ‘‘हमारे बहादुर जवानों ने सटीक और साहसिक अभियानों के दौरान तीन आत्मघाती हमलावरों सहित ९२ आतंकवादियों को ढेर कर दिया,’’ बयान में कहा गया।
सेना ने यह भी बताया कि आतंकवादियों ने आम नागरिकों को निशाना बनाया, जिसमें महिलाओं, बच्चों, बुज़ुर्गों और श्रमिकों सहित १८ लोगों की मौत हो गई। अभियानों और इसके बाद हुई मुठभेड़ों में १५ सैनिकों ने भी अपने प्राण न्योछावर किए।
इससे पहले शनिवार को पंजगुर और हरनाई ज़िलों में हुए अलग-अलग अभियानों में प्रतिबंधित संगठन तहरीक-ए-तालिबान पाकिस्तान (टीटीपी) से जुड़े ४१ आतंकवादी मारे गए थे।
सेना के अनुसार, ‘‘पिछले दो दिनों में सफल अभियानों के बाद बलूचिस्तान में मारे गए आतंकवादियों की कुल संख्या १३३ हो गई है।’’











