मुंबई: फिल्म जगत की ‘संस्कारी’ बेटी कही जाने वाली अभिनेत्री जाह्नवी कपूर ने अपने जन्मदिन की शुरुआत आंध्र प्रदेश के तिरुमला वेंकटेश्वर मंदिर में पूजा अर्चना करके की। शुक्रवार को वह उनतीस वर्ष की हो गईं और इस विशेष अवसर पर सुबह-सुबह मंदिर पहुँचकर भगवान के दर्शन किए।
जाह्नवी कपूर बचपन से ही धार्मिक आस्था के लिए जानी जाती हैं। अपनी दिवंगत माँ श्रीदेवी के साथ रहते हुए उनमें धर्म और पूजा-पाठ के प्रति गहरी श्रद्धा विकसित हुई। व्यस्त कार्यतालिका के बावजूद उन्हें कई बार तिरुपति, अमृतसर के स्वर्ण मंदिर और उज्जैन के महाकाल मंदिर में पूजा करते हुए देखा गया है। इसी कारण उनके प्रशंसक उन्हें ‘संस्कारी बेटी’ कहकर संबोधित करते हैं।
जन्मदिन के अवसर पर तिरुमला मंदिर परिसर से उनका एक दृश्य व्यापक रूप से प्रसारित हुआ है। इसमें वह सादे सलवार-कुर्ते में दिखाई दे रही हैं और उनके चेहरे पर किसी प्रकार का श्रृंगार नहीं है। बिना किसी आडंबर के वह नंगे पाँव मंदिर की सीढ़ियाँ चढ़ती नजर आईं। बताया जाता है कि तिरुमला मंदिर तक पहुँचने के लिए लगभग ३५५० सीढ़ियाँ चढ़नी पड़ती हैं और उन्होंने भी यही परंपरा निभाई।
मंदिर जाते समय उन्होंने रास्ते में श्रद्धालुओं के साथ तस्वीरें भी खिंचवाईं। जन्मदिन की सुबह उनका यह धार्मिक रूप देखकर लोगों ने उनकी सराहना की है।
जाह्नवी कपूर का इस मंदिर से विशेष लगाव बताया जाता है। उनकी माँ श्रीदेवी के कारण दक्षिण भारत के इस मंदिर के प्रति उनके मन में गहरी श्रद्धा है। विशेष अवसरों जैसे किसी फिल्म के प्रदर्शन, माँ की जन्मतिथि या पुण्यतिथि पर वह अक्सर तिरुमला में पूजा करने जाती हैं।
अतीत में भी उन्हें कई बार अपने प्रिय मित्र शिखर पहाड़िया के साथ इस मंदिर में दर्शन करते हुए देखा गया है। एक बार तो उन्होंने घुटनों के बल सीढ़ियाँ चढ़कर भी पूजा अर्चना की थी।
जहाँ फिल्म जगत की कई अभिनेत्रियाँ जन्मदिन पर भव्य समारोह आयोजित करती हैं, वहीं जाह्नवी कपूर हर वर्ष तिरुपति और तिरुमला जाकर भगवान के दर्शन करना ही पसंद करती हैं। इस वर्ष भी उसी परंपरा को निभाकर उन्होंने लोगों की प्रशंसा प्राप्त की।










