आंखों की रोशनी जाने का डर, जेल के बजाय हॉस्पिटल में रह सकते हैं इमरान खान
इस्लामाबाद: पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री और पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ (पीटीआई ) पाकिस्तान की एक राजनीतिक पीटीआई चीफ इमरान खान की हेल्थ क्राइसिस की वजह से पिछले कुछ दिनों से पाकिस्तान की पॉलिटिक्स में उथल-पुथल मची हुई है। उनके परिवार और लीगल टीम ने दावा किया है कि जेल की अंधेरी सेल में इमरान की एक आंख की रोशनी करीब ८५ परसेंट कम हो गई है। सूत्रों के मुताबिक, इस गंभीर हालत में उन्हें रावलपिंडी के अल-शिफा आई ट्रस्ट हॉस्पिटल में ट्रांसफर किया जा सकता है। गावस्कर, कपिल समेत दुनिया भर के दिग्गज क्रिकेटरों ने पाकिस्तान के पूर्व कप्तान को लेकर चिंता जताते हुए एक लेटर लिखा था। इसके बाद पाकिस्तान की मौजूदा सरकार हिलने लगी थी।
आंखों की गंभीर समस्या: पाकिस्तान के पूर्व वर्ल्ड विनिंग कप्तान २०२२ में हटाए जाने के बाद अगस्त २०२३ से जेल में। इमरान पर कई करप्शन केस में आरोप हैं। हाल ही में आई एक मीडिया रिपोर्ट में दावा किया गया था कि उनकी ८५ परसेंट आंखों की रोशनी चली गई है। इसके बाद उन्हें लेकर चिंता फैल गई। लोकल मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, पिछले रविवार को पाकिस्तान इंस्टिट्यूट ऑफ़ मेडिकल साइंसेज के डॉक्टर मोहम्मद आरिफ खान और अल-शिफा आई ट्रस्ट हॉस्पिटल के डॉक्टर नदीम कुरैशी ने अदियाला जेल जाकर ७३ साल के इमरान की जांच की। सोमवार को पाकिस्तान के सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर बने मेडिकल बोर्ड के सदस्यों ने भी रावलपिंडी की अदियाला जेल जाकर उनसे मुलाकात की। उनकी रिपोर्ट के मुताबिक, वह पहले से काफी बेहतर हैं। बुधवार को न्यूज़ एजेंसी के सूत्रों के मुताबिक, खान को उनकी आंखों के लिए एक खास दवा दी गई है। उनके इलाज के अगले स्टेप के तौर पर उन्हें अल-शिफा आई ट्रस्ट हॉस्पिटल ले जाया जा रहा है। हालांकि, इस बारे में कोई जानकारी नहीं है कि उन्हें कितने समय तक हॉस्पिटल में रखा जाएगा। सूत्रों के मुताबिक, परिवार को हॉस्पिटल में उनसे मिलने की इजाजत दी जा सकती है।
परिवार और पत्नी से मिलने की संभावना:
हॉस्पिटल के सूत्रों के मुताबिक, इलाज के दौरान इमरान खान को कड़ी सुरक्षा के बीच अपनी पत्नी बुशरा बीबी से मिलने की इजाजत मिल सकती है। बुशरा बीबी खुद इस समय तोसखाना केस में जेल में बंद हैं। यह भी संकेत है कि उन्हें पार्टी के कुछ करीबी नेताओं से बात करने का मौका मिल सकता है।
ज़्यादा पॉलिटिकल दबाव और साज़िश के आरोप:
इस बीच, इमरान की बहनों अलीमा खान और उज़मा खान ने हाल ही में एक ज़बरदस्त बयान दिया है। उनका आरोप है कि पाकिस्तान सरकार और आर्मी चीफ़ आसिम मुनीर जेल के अंदर इमरान की हत्या की साज़िश रच रहे हैं। पीटीआई की मांग है कि सरकारी डॉक्टरों की जगह इमरान के पर्सनल डॉक्टर डॉ. फैज़ल सुल्तान से उनकी जांच करवाई जाए।
हालात को संभालने के लिए सरकार ने इमरान खान का एमआरआई, सीटी स्कैन और हार्ट टेस्ट जैसे पूरे चेकअप का प्लान बनाया है। हालांकि अदियाला जेल अभी कड़ी सुरक्षा में है, लेकिन डर है कि इमरान की सेहत को लेकर लोगों का गुस्सा कभी भी बड़े आंदोलन का रूप ले सकता है।











