सोनादा: इज़राइल के तेल अवीव शहर स्थित मानव धर्म कार्यालय में गणतंत्र दिवस तथा युवा प्रेरणास्रोत श्री विभूजी महाराजजी के ४४वें पावन जन्मोत्सव का आयोजन धूमधाम और हर्षोल्लास के साथ किया गया। इस अवसर पर इज़राइल के विभिन्न प्रांतों से श्रद्धालुओं की उपस्थिति रही, वहीं ज़ूम के माध्यम से अमेरिका से योग बाईजी की दिव्य उपस्थिति ने कार्यक्रम को और भी गरिमामय बना दिया। देश-विदेश से बड़ी संख्या में श्रद्धालु एवं जिज्ञासु भी ऑनलाइन माध्यम से कार्यक्रम से जुड़े।
कार्यक्रम का संचालन सीता विश्व ने किया। जन्मोत्सव कार्यक्रम की शुरुआत में श्री विभूजी महाराजजी को हार्दिक जन्मदिन की शुभकामनाएं दी गईं। मुख्य अतिथि जिज्ञासु राजीव दुलाल द्वारा महाराजजी के चित्र के समक्ष दीप प्रज्वलन एवं माल्यार्पण कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया गया तथा सामूहिक गुरुवंदना की गई।
कार्यक्रम के दूसरे चरण में अनिता शर्मा ने महाराजजी की दिव्य जीवनी का स्मरण कराते हुए उनके दैनिक सत्संग कार्यक्रमों और उनके द्वारा संचालित “मिशन एजुकेशन” पर प्रकाश डाला। इसके पश्चात् दीपेन्द्र राई ने युवा प्रेरणास्रोत श्री विभूजी महाराजजी द्वारा दिशाहीन युवाओं को दिशा देने और उन्हें सही मार्गदर्शन प्रदान करने में किए गए योगदान पर विशेष बल देते हुए सत्संग प्रस्तुत किया।
अनुप गुरुङ, समझना गुरुङ और शिखा विश्व के सुमधुर भजनों ने पूरे वातावरण को भक्तिमय बना दिया। अमेरिका से योग बाईजी ने सत्संग का सार प्रस्तुत करते हुए भारत के गणतंत्र दिवस, जन्मोत्सव और बसंत पंचमी के महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने यह भी स्मरण कराया कि बसंत पंचमी के दिन ही तपोभूमि हरिद्वार में श्री गुरु महाराजजी का शुभ विवाह संपन्न हुआ था, तथा आत्मज्ञान के माध्यम से ही मानव जीवन की सार्थकता संभव होने की बात कही।
अंत में भावना राई और सरोज सुब्बा द्वारा आरती के साथ कार्यक्रम का समापन किया गया। इसके पश्चात् इज़राइल की अत्यंत ऊँचाई पर स्थित, लेबनान और सीरिया की सीमा के पास अवस्थित माउंट हर्मोन में एक आध्यात्मिक यात्रा का आयोजन किया गया। गणतंत्र दिवस एवं श्री विभूजी महाराजजी के जन्मोत्सव के शुभ अवसर पर शांति के प्रतीक के रूप में भारत तथा सतनाम के ध्वज सीमा क्षेत्र में फहराते हुए जयकारों के साथ हर्षोल्लासपूर्वक इस आध्यात्मिक यात्रा का समापन किया गया।










