कोलकाता: विभिन्न क्षेत्रों में कारोबार करने वाली सार्वजनिक क्षेत्र की कंपनी बामर लॉरी एंड कंपनी लिमिटेड अगले तीन वर्षों में करीब ५०० करोड़ रुपये का पूंजीगत व्यय करेगी। कंपनी के अध्यक्ष तथा प्रबन्ध निर्देशक अधिप नाथ पालचौधरी ने कंपनी की १०९वीं वार्षिक आम बैठक के बाद आयोजित संवाददाता सम्मेलन में यह जानकारी दी।
पाल चौधरी के अनुसार, प्रस्तावित कुल निवेश में से २०० से २५० करोड़ रुपये रेल लॉजिस्टिक्स क्षेत्र में खर्च किए जाएंगे। इसके अलावा, पैकेजिंग, ग्रीस एवं लुब्रिकेंट्स तथा रसायनों सहित कंपनी के मौजूदा कारोबार में नियमित परिचालन संबंधी पूंजीगत व्यय के लिए करीब १०० करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है।
कंपनी तीसरे पक्ष के लॉजिस्टिक्स कारोबार के विस्तार के लिए भी ५० से ६० करोड़ रुपये निवेश करने की योजना बना रही है। कंपनी रेल लॉजिस्टिक्स का तेजी से विस्तार करना चाहती है। वर्तमान में तीन रेल रैक संचालित किए जा रहे हैं, जिन्हें बढ़ाकर १५ करने का लक्ष्य रखा गया है।
वर्तमान में संचालित अधिकांश रेल रैक लीज पर लिए गए हैं। हालांकि, अब कंपनी पहली बार तीन रेल रैक सीधे खरीदने की तैयारी कर रही है। कंपनी के अनुसार, इसके लिए निविदाएं भी आमंत्रित की जा चुकी हैं। पहले चरण में सात और रैक जोड़े जाएंगे, जिनमें लीज पर लिए जाने वाले रैक भी शामिल होंगे।
पाल चौधरी ने कहा कि रेल लॉजिस्टिक्स कंपनी के लिए एक मजबूत कारोबार के रूप में उभर रहा है। उनके अनुसार, एक रेल रैक की सामान्य लागत करीब २० से २५ करोड़ रुपये होती है। ऐसे में आने वाले वर्षों में प्रस्तावित ५०० करोड़ रुपये के पूंजीगत व्यय का बड़ा हिस्सा रेल से संबंधित परिसंपत्तियों की खरीद पर खर्च होगा।
रेल और तीसरे पक्ष के लॉजिस्टिक्स विस्तार पर जोर
बामर लॉरी ने अपने घरेलू लॉजिस्टिक्स कारोबार के विस्तार को प्राथमिकता दी है। इसके तहत रेल लॉजिस्टिक्स और तीसरे पक्ष के लॉजिस्टिक्स कारोबार के विस्तार की योजना बनाई गई है।
कंपनी ने कहा है कि बदलते वैश्विक आर्थिक और व्यापारिक माहौल को ध्यान में रखते हुए वह अपनी कारोबारी रणनीति में भी बदलाव कर रही है। कंपनी के अनुसार, भू-राजनीतिक तनाव, राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़ी चिंताओं और शुल्क संरक्षणवाद के कारण वैश्विक आपूर्ति शृंखला में उत्पन्न व्यवधानों ने कारोबारी माहौल को और अधिक अनिश्चित बना दिया है।
ऐसी स्थिति में बामर लॉरी घरेलू लॉजिस्टिक्स बुनियादी ढांचे और आपूर्ति शृंखला के साथ अपने संपर्क का विस्तार करने पर जोर दे रही है। नए रेल लॉजिस्टिक्स और तीसरे पक्ष के लॉजिस्टिक्स परिचालन का विस्तार भी इसी रणनीति का हिस्सा माना जा रहा है।
घरेलू पर्यटन से जोड़ा जा रहा यात्रा कारोबार
कंपनी अपने यात्रा एवं अवकाश कारोबार को भी भारत में तेजी से बढ़ रहे घरेलू पर्यटन के साथ जोड़ने की रणनीति पर काम कर रही है।
पाल चौधरी के अनुसार, घरेलू पर्यटन यात्रा कारोबार का एक महत्वपूर्ण आधार बन गया है। उन्होंने बताया कि २०२५ के जनवरी से सितंबर के बीच घरेलू पर्यटन में करीब ५२.७ प्रतिशत की वृद्धि हुई। कंपनी इस क्षेत्र की संभावनाओं को अपने यात्रा कारोबार के विस्तार से जोड़ना चाहती है।
कुल मिलाकर, बामर लॉरी अगले तीन वर्षों में प्रस्तावित ५०० करोड़ रुपये के पूंजीगत व्यय के तहत रेल लॉजिस्टिक्स, तीसरे पक्ष के लॉजिस्टिक्स, मौजूदा औद्योगिक कारोबार तथा यात्रा एवं अवकाश क्षेत्र पर ध्यान केंद्रित कर रही है। विशेष रूप से रेल रैक की संख्या तीन से बढ़ाकर १५करने की योजना से संकेत मिलता है कि कंपनी लॉजिस्टिक्स कारोबार को अपने भविष्य के विस्तार का एक महत्वपूर्ण आधार बनाने की दिशा में आगे बढ़ रही है।





