सिलीगुड़ी: उत्तर बंगाल क्षेत्र की ऐतिहासिक विरासत, कला और परंपराओं को सहेजने और उन्हें बढ़ावा देने के उद्देश्य से उत्तर बंगाल विश्वविद्यालय (एनबीयू) के रवींद्र भानु मंच पर ‘ध्रुमा फिल्म फेस्टिवल’ का भव्य आयोजन किया गया। पहाड़ी क्षेत्र की अनूठी संस्कृति और परंपराओं पर केंद्रित इस फिल्म महोत्सव में राज्य के पंचायत एवं ग्रामीण विकास मंत्री दिलीप घोष मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। उनके साथ उत्तर बंगाल विश्वविद्यालय के कार्यवाहक रजिस्ट्रार भास्कर विश्वास और कई प्रतिष्ठित फिल्म निर्माता भी इस अवसर पर मौजूद थे।

इस महोत्सव के दौरान पहाड़ की पारंपरिक संस्कृति के संरक्षण और क्षेत्रीय सिनेमा को आगे बढ़ाने की आवश्यकता पर विशेष बल दिया गया। इस अवसर पर अपने संबोधन में मंत्री दिलीप घोष ने कहा कि यहां की स्थानीय संस्कृति, जीवनशैली और पहचान को दुनिया के सामने लाने के लिए क्षेत्रीय फिल्मों का निर्माण किया जाना बेहद जरूरी है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि इस तरह के मौलिक प्रयास न केवल स्थानीय कला और संस्कृति को जीवित रखेंगे, बल्कि इससे पूरे उत्तर बंगाल क्षेत्र के पर्यटन उद्योग को भी काफी बढ़ावा मिलेगा।










