नई दिल्ली: भारतीय क्रिकेट में टी २० वर्ल्ड कप २०२६ के लिए टीम चयन को लेकर नई बहस शुरू हो गई है। शुभमन गिल और जितेश शर्मा को टीम से बाहर किए जाने पर रॉबिन उथप्पा जैसे पूर्व क्रिकेटरों ने चयन प्रक्रिया को अजीब और अस्थिर बताया है, जबकि मोहम्मद कैफ का मानना है कि गिल और सूर्यकुमार के मामले की तुलना करना गलत है।
उथप्पा ने टीम चयन पर असंतोष व्यक्त करते हुए कहा कि भारतीय क्रिकेट में इस समय कुछ भी तय नहीं दिखता। उन्होंने कहा, “भारतीय क्रिकेट एक अजीब जगह है। जैसे ही लगता है कि चयन में कुछ स्थिरता आ गई है, टीम की घोषणा होते ही सब उलट-पुलट हो जाता है। टीम खराब नहीं है, यह एक असाधारण टीम है, लेकिन कई लोगों का दिल दुखा है। क्रिकेट को समझने वाले लोग इस स्थिति को समझ सकते हैं। शुभमन और जितेश इस समय क्या महसूस कर रहे होंगे, यह भी याद रखना चाहिए।”
उथप्पा ने खास तौर पर शुभमन गिल के मामले पर हैरानी जताई, जिन्हें हाल ही में टी२० टीम का उपकप्तान बनाया गया था। उन्होंने कहा, “गिल टेस्ट और वनडे टीम के कप्तान हैं। इस बार उन्हें न केवल टी२० टीम की उपकप्तानी से हटाया गया, बल्कि टीम से ही बाहर कर दिया गया। भले ही वह प्लेइंग इलेवन में न हों, लेकिन तीसरे ओपनर के तौर पर उन्हें टीम में जगह मिलनी चाहिए थी।” इसी तरह जितेश शर्मा ने भी कोई गलती नहीं की थी। उथप्पा का मानना है कि इस तरह की चयन प्रक्रिया से यह संकेत जाता है कि इस टीम में किसी भी समय कुछ भी हो सकता है, जिससे खिलाड़ियों में असुरक्षा का माहौल बन सकता है।
वहीं मोहम्मद कैफ ने चयनकर्ताओं के फैसले का समर्थन किया। उन्होंने कहा कि गिल और सूर्यकुमार के मामलों में फर्क है। “सूर्यकुमार यादव टी२० में साबित मैच विजेता हैं। वह आईसीसी रैंकिंग में शीर्ष स्थान पर रह चुके हैं और उन्होंने कई मैच जिताए हैं। इसलिए इन दोनों की तुलना नहीं की जा सकती।” कैफ ने आगे कहा कि कोविड के दौर में विराट कोहली भी रन नहीं बना पा रहे थे, लेकिन १० साल के प्रदर्शन के आधार पर उन्हें समर्थन मिला था। सूर्यकुमार भी उसी श्रेणी में आते हैं, जबकि गिल फिलहाल इस प्रारूप में सूर्यकुमार के आसपास भी नहीं हैं।










